
-
पूर्व राज्यसभा सांसद अयोध्या रामी रेड्डी का बयान- निवेश वहीं पहुंचता है, जहां अनुशासन कायम हो, मुख्यमंत्री योगी सूबे को तेजी से आगे बढ़ा रहे
-
उद्योगपतियों ने यूपी के विशाल घरेलू बाजार और सशक्त एमएसएमई आधार को बताई बड़ी मजबूती
-
टेक्निकल टेक्सटाइल को डिफेंस और एयरोस्पेस से जोड़ने का दिया सुझाव, उद्यमियों ने जताई निवेश की मंशा
लखनऊ। यूपी टेक्सटाइल्स कॉन्क्लेव-2026 में मंगलवार को देश के जाने-माने उद्योगपतियों ने उत्तर प्रदेश की बदलती औद्योगिक तस्वीर पर अपनी मुहर लगाई। किसी उद्योगपति ने बेहतर कानून-व्यवस्था और अनुशासन को निवेश की बुनियाद बताया, तो किसी ने प्रदेश के विशाल घरेलू बाजार और मजबूत एमएसएमई नेटवर्क को यूपी की सबसे बड़ी ताकत करार दिया।
उद्योग जगत ने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में उत्तर प्रदेश देश के प्रमुख टेक्सटाइल हब के तौर पर उभरकर सामने आएगा। साथ ही टेक्निकल टेक्सटाइल को रक्षा और एयरोस्पेस जैसे क्षेत्रों से जोड़ने का सुझाव भी दिया गया।
इसे भी पढ़ें- बीमारू से बेमिसाल तक: योगी सरकार के 9 साल में यूं बदली यूपी की तकदीर
अगले पांच साल में दो गुना होगा उद्योग
पूर्व राज्यसभा सांसद एवं उद्योगपति अयोध्या रामी रेड्डी ने कहा कि उद्योग जगत के लोग वहीं पूंजी लगाते हैं, जहां अनुशासन बना रहता है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अनुशासन और गति के साथ उत्तर प्रदेश को आगे की ओर ले जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यूपी को नंबर वन बनाने के लक्ष्य में टेक्सटाइल सेक्टर की अहम भूमिका हो सकती है। यह उत्तर प्रदेश के साथ-साथ पूरे देश के लिए भी एक बड़ा सेक्टर है। उन्होंने घोषणा की कि वह उत्तर प्रदेश के टेक्सटाइल क्षेत्र में निवेश करने जा रहे हैं।

कन्फेडरेशन ऑफ इंडियन टेक्सटाइल इंडस्ट्री (सीआईटीआई) के अध्यक्ष अश्विन चंद्रन ने कहा कि भारत के पास टेक्सटाइल क्षेत्र का मजबूत आधार मौजूद है और अगले पांच सालों में भारतीय टेक्सटाइल उद्योग का आकार दोगुना करने का लक्ष्य रखा गया है। यूपी के पास एमएसएमई का सुदृढ़ आधार होने के साथ-साथ एक बेहद विशाल घरेलू बाजार भी है। उन्होंने भरोसा जताया कि उत्तर प्रदेश भारत का अग्रणी टेक्सटाइल हब बनकर उभरेगा।
दुनियाभर में दूसरे स्थान पर वस्त्र उद्योग
कॉटन टेक्सटाइल एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल के उपाध्यक्ष रवि सैम ने कहा कि उत्तर प्रदेश के पास मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जैसा सशक्त नेतृत्व मौजूद है। यह भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण की पावन भूमि है। उन्होंने कहा कि टेक्सटाइल सेक्टर में उत्तर प्रदेश को जितने भी सहयोग की जरूरत होगी, उतनी सहायता प्रदान की जाएगी।

एमकेयू लिमिटेड के अध्यक्ष मनोज गुप्ता ने उत्तर प्रदेश में टेक्सटाइल क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री योगी को बधाई दी। उन्होंने बताया कि उनके समूह ने यूपी में एयरोस्पेस और रक्षा क्षेत्र में पहले ही पहल कर दी है। उन्होंने रणनीतिक तकनीकी टेक्सटाइल की विशेष सूची तैयार करने तथा इसे एयरोस्पेस एवं रक्षा इकोसिस्टम से जोड़ने का सुझाव दिया।

इंडिया आईटीएमई सोसाइटी के अध्यक्ष केतन संघवी ने कहा कि भारत का वस्त्र उद्योग दुनियाभर में दूसरे या तीसरे स्थान पर गिना जाता है। उन्होंने विदेशी मुद्रा की बचत करने और ‘मेड इन इंडिया’ अभियान को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया।
इसे भी पढ़ें-स्वच्छ वायु सर्वेक्षण-2026 में यूपी के 16 नगरों ने बनाई पहचान, लखनऊ को मिला पहला स्थान



