
नोएडा। देश की राजधानी दिल्ली से सटे उत्तर प्रदेश के नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यीडा क्षेत्र के लिए शुक्रवार का दिन बेहद महत्वपूर्ण रहा। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वर्चुअल माध्यम से 45 इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इन बसों का संचालन नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यीडा से जेवर एयरपोर्ट तक किया जाएगा। साथ ही सीएम योगी ने नोएडा बस डिपो का भी शुभारंभ किया। इस मौके पर लखनऊ से 11 बसों को सीएम योगी ने हरी झंडी दिखाई। इन इलेक्ट्रिक बसों के शुरू होने से न केवल क्षेत्र में सार्वजनिक परिवहन की सुविधा बेहतर होगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी एक बड़ा कदम बढ़ेगा।
इसे भी पढ़ें- जल संकट ने बढ़ाई ग्रेटर नोएडा के लोगों की दिक्कत, बूंद-बूंद के लिए तरस रहे सुपरटेक ईको विलेज 3 के निवासी
50 रुपये अधिकतम किराया
यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए बसों का किराया काफी सस्ता रखा गया है। 1 से 10 किलोमीटर की दूरी के लिए मात्र 20 रुपये का किराया तय किया गया है। अधिकतम किराया 50 रुपये रहेगा, जिसमें यात्री बॉटेनिकल गार्डन, ग्रेटर नोएडा वेस्ट या परी चौक से जेवर एयरपोर्ट तक का सफर आराम से कर सकेंगे।

इसके अलावा यमुना सिटी से 3 हाइड्रोजन बसों का संचालन भी शुरू कर दिया गया है। ये बसें पर्यावरण के अनुकूल होने के साथ-साथ आधुनिक तकनीक का बेहतरीन उदाहरण हैं।
जबरन थोपा जा रहा युद्ध
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विजन ही वैश्विक चुनौतियों का सामना करने में सक्षम है। उन्होंने कहा, जाने-अनजाने में दुनिया ने भौतिक विकास के लक्ष्य को हासिल करने के लिए कई चुनौतियां खुद खड़ी कर ली हैं। आज वर्चस्व जमाने के लिए युद्ध थोपे जा रहे हैं और इसकी कीमत पूरी मानवता को चुकानी पड़ रही है। ग्लोबल वार्मिंग, जलवायु परिवर्तन और पश्चिम एशिया में चल रहे गतिरोध हमारे सामने बड़ी चुनौतियां हैं।
सीएम योगी ने जोर देकर कहा कि, इन चुनौतियों से निपटने के लिए स्वच्छ ऊर्जा, इलेक्ट्रिक वाहनों और हरित परिवहन पर जोर देना जरूरी है। उत्तर प्रदेश सरकार इसी दिशा में लगातार काम कर रही है।
काफी बदल गया उत्तर प्रदेश
मुख्यमंत्री ने कहा कि, 2017 से पहले उत्तर प्रदेश की स्थिति बहुत अलग थी। टूटी सड़कें, अराजकता, असुरक्षा और पहचान का संकट लोगों के जीवन का हिस्सा था। निवेश की बात सपने जैसी लगती थी, लेकिन 2017 के बाद डबल इंजन सरकार के नेतृत्व में प्रदेश में अभूतपूर्व परिवर्तन आया है। आज उत्तर प्रदेश 4 लाख किलोमीटर के रोड नेटवर्क के साथ देश के सबसे बड़े सड़क नेटवर्क वाले राज्यों में शामिल है।

वर्ल्ड क्लास एक्सप्रेसवे, हाईवे, एयरपोर्ट और बेहतर कनेक्टिविटी प्रदेश की नई पहचान बन गई है। योगी सरकार ने इंफ्रास्ट्रक्चर विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है, जिसका परिणाम आज हर क्षेत्र में दिख रहा है।
वापस लौटी अयोध्या की गरिमा
सीएम योगी ने अयोध्या के विकास का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि, सदियों तक उपेक्षा और अपमान झेलने के बाद आज अयोध्या अपनी गरिमा वापस पा रही है। भगवान श्रीराम की नगरी में अब महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट संचालित हो रहा है।अयोध्या में हो रहे विकास कार्य पूरे देश के लिए प्रेरणादायक हैं।
इलेक्ट्रिक बसों का संचालन
इन 45 इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से न केवल जेवर एयरपोर्ट जाने वाले यात्रियों को सुविधा मिलेगी, बल्कि कार्बन उत्सर्जन में भी काफी कमी आएगी। जेवर एयरपोर्ट उत्तर प्रदेश का दूसरा सबसे बड़ा एयरपोर्ट बनने जा रहा है। ऐसे में एयरपोर्ट से जुड़ी मजबूत सड़क और बस कनेक्टिविटी क्षेत्र के आर्थिक विकास को नई गति देगी।

नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यीडा जैसे औद्योगिक और शहरी क्षेत्रों में इलेक्ट्रिक बसों का संचालन प्रदूषण नियंत्रण, बेहतर सार्वजनिक परिवहन और नागरिकों की सुविधा के लिए एक बड़ा कदम है। सरकार का लक्ष्य है कि आने वाले समय में पूरे प्रदेश में इलेक्ट्रिक और हाइड्रोजन आधारित परिवहन को बढ़ावा दिया जाए।
2030 तक तैयार होगा बसों का बड़ा नेटवर्क
स्थानीय लोगों में इन बसों को लेकर काफी उत्साह है। खासकर जेवर एयरपोर्ट जाने वाले यात्री, छात्र, नौकरीपेशा लोग और पर्यटक अब सस्ते और पर्यावरण अनुकूल साधन से सफर कर सकेंगे। बस डिपो के शुभारंभ से रोजगार सृजन के साथ ही क्षेत्र में परिवहन सुविधाओं का और विस्तार होगा।
योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार इंफ्रास्ट्रक्चर, पर्यावरण संरक्षण और बेहतर शासन को लगातार प्राथमिकता दे रही है। इलेक्ट्रिक बसों का यह बेड़ा इसी सोच का हिस्सा है। सरकार का प्रयास है कि 2030 तक प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहनों का बड़ा नेटवर्क तैयार किया जाए। इस पहल से न केवल दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र का प्रदूषण कम होगा, बल्कि जेवर एयरपोर्ट को भी विश्व स्तर की कनेक्टिविटी मिलेगी।
नोएडा में शुरू हुई यह पहल उत्तर प्रदेश में हरित परिवहन क्रांति की शुरुआत मानी जा रही है। सस्ता किराया, आधुनिक बसें और बेहतर कनेक्टिविटी मिलकर नागरिकों के जीवन को आसान बना रही हैं। सीएम योगी के नेतृत्व में प्रदेश विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है।
इसे भी पढ़ें- अब नोएडा के चप्पे-चप्पे पर होगी नजर, पैनिक बटन दबाते ही दौड़ पड़ेगी पुलिस



