अयोध्या। माघ मेले में मौनी अमावस्या के दिन शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और सरकार के बीच शुरू हुआ विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। पहले से ही राजनीतिक रूप ले चुके इस विवाद में अब ब्यूरोक्रेट्स भी कूद चुके हैं। पहले शंकराचार्य के समर्थन में बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था और अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के समर्थन में अयोध्या के GST के डिप्टी कमिश्नर प्रशांत कुमार सिंह ने इस्तीफा दे दिया है।

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राज्यपाल को भेजा इस्तीफा

प्रशांत कुमार ने शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के बयान पर विरोध जताते हुए अपनी नौकरी छोड़ दी। उन्होंने कहा, “हम रोबोट नहीं हैं, जिस सरकार से हमें सैलरी मिलती है, उसके खिलाफ हम कुछ नहीं सुनेंगे। अविमुक्तेश्वरानंद हमारे मुख्यमंत्री पर बेबुनियाद आरोप लगाते रहे हैं और हम चुपचाप सुनते रहें, ऐसा नहीं होगा।” GST डिपार्टमेंट के डिप्टी कमिश्नर प्रशांत कुमार सिंह ने अपना इस्तीफा राज्यपाल आनन्दीबेन पटेल को भेज दिया है।
कहा- सीएम योगी के साथ हूं
राज्यपाल को संबोधित दो पेज के इस्तीफे में प्रशांत कुमार सिंह ने स्पष्ट किया कि वे वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सपोर्ट में यह कदम उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ शंकराचार्य की अपमानजनक टिप्पणी से वह बहुत आहत हुए हैं। उन्होंने कहा, “मैं उस राज्य के साथ खड़ा हूं जिसका नमक मैं खाता हूं और जहां से मुझे सैलरी मिलती है, मैं उस राज्य के लोकतांत्रिक रूप से चुने गए मुख्यमंत्री के साथ हूं।” CM योगी जनता के चुने हुए मुख्यमंत्री हैं और उनकी बेइज्ज़ती किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं की जा सकती।
सामाजिक कार्य में देंगे योगदान

प्रशांत कुमार ने कहा वह पिछले तीन दिनों से मानसिक रूप से परेशान थे, इसी से परेशान होकर उन्होंने अपने पद से इस्तीफा देने का फैसला लिया है। प्रशांत कुमार सिंह ने यह भी कहा कि, उनका इस्तीफा स्वीकार हो जाने के बाद, वह अपने निजी संसाधनों का इस्तेमाल करके सामाजिक कार्यों में सक्रिय रूप से योगदान देंगे। इस इस्तीफे से राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में हलचल मच गई है। हर तरफ इसकी चर्चा हो रही है और हर कोई अपने तरीके से इसके मतलब निकाल रहा है।
सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री भी दें चुके हैं इस्तीफा
इससे पहले, बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने सोमवार को सरकारी नीतियों, खासकर नए UGC नियमों और शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद से जुड़े मामले से असहमति जताते हुए अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने सरकार पर ब्राह्मणों को अपमानित करने और उनके साथ दुर्व्यवहार करने का आरोप लगाया था। 2019 बैच के UP PCS अधिकारी अग्निहोत्री ने राज्यपाल और बरेली के जिला मजिस्ट्रेट अविनाश सिंह को ईमेल के जरिए अपना इस्तीफा भेजा। सूत्रों के हवाले से बताया कि, अग्निहोत्री ने अपने इस्तीफे की वजह सरकारी नीतियों, खासकर नए UGC नियमों से गहरी असहमति और शंकराचार्य का अपमान बताया।
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