नई दिल्ली। देश के बड़े शहरों में इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर राइडर्स की आदतें एक-दूसरे से काफी अलग हैं। ताजा रिपोर्ट में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि कोलकाता के इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर सवार देश में सबसे ज्यादा हॉर्न बजाते हैं, जबकि बेंगलुरु में राइडर्स सबसे ज्यादा पैनिक ब्रेकिंग करते हैं।

कोलकाता में प्रति घंटे 131 बार हॉर्न
इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर निर्माता एथर एनर्जी की 2025 ईयर-एंड राइडिंग इनसाइट्स रिपोर्ट के मुताबिक, कोलकाता में राइडर्स औसतन एक घंटे में 131 बार हॉर्न बजाते हैं। यह देश में सबसे अधिक है। वहीं, बेंगलुरु में राइडर्स मुंबई की तुलना में करीब चार गुना ज्यादा बार अचानक ब्रेक लगाते हैं।
पुणे और हैदराबाद में राइडिंग ज्यादा शांत
रिपोर्ट में सामने आया कि हॉर्निंग और अचानक ब्रेकिंग का पैटर्न हर शहर में अलग है। कोलकाता में ज्यादा हॉर्निंग घने ट्रैफिक और आक्रामक ड्राइविंग का संकेत देती है, जबकि बेंगलुरु में ट्रैफिक की अनिश्चितता और बार-बार रुकने-चलने की स्थिति के कारण पैनिक ब्रेकिंग ज्यादा होती है। इसके उलट, पुणे और हैदराबाद जैसे शहर अपेक्षाकृत शांत और संतुलित राइडिंग व्यवहार वाले पाए गए। दक्षिण भारत के टियर-2 शहरों और छोटे कस्बों में भी राइडिंग ज्यादा स्थिर रही।
डेटा के आधार पर तैयार हुई रिपोर्ट
यह अध्ययन देशभर में वायरलेस नेटवर्क से जुड़े एथर के पांच लाख से अधिक स्कूटर्स के डेटा पर आधारित है। रिपोर्ट से यह भी स्पष्ट हुआ कि रोजमर्रा की यात्रा में राइडर्स तेजी से कनेक्टेड टेक्नोलॉजी पर निर्भर हो रहे हैं और सॉफ्टवेयर अब राइडिंग व्यवहार को आकार दे रहा है।
सॉफ्टवेयर बना कम्यूटिंग का अहम हिस्सा
एथर एनर्जी के चीफ बिजनेस ऑफिसर रवनीत फोकेला ने कहा कि ईयर-एंड इनसाइट्स यह दिखाती हैं कि सॉफ्टवेयर अब केवल अतिरिक्त फीचर नहीं, बल्कि कम्यूटिंग का सक्रिय हिस्सा बन चुका है। यह राइडर्स को सड़क की परिस्थितियों के अनुसार बेहतर प्रतिक्रिया देने, राइडिंग व्यवहार की निगरानी करने और सुरक्षा बढ़ाने में मदद करता है।
सुरक्षा और कनेक्टेड फीचर्स की बढ़ती लोकप्रियता
वित्त वर्ष 2025 की दूसरी तिमाही में 88 प्रतिशत ग्राहकों ने AtherStack Pro खरीदा। इससे साफ है कि राइडर्स सॉफ्टवेयर को अपने दैनिक सफर के लिए जरूरी टूल मानने लगे हैं। सुरक्षा के लिहाज से एथर का ‘FallSafe’ फीचर मुंबई और बेंगलुरु में औसतन दो साल में एक बार सक्रिय हुआ, जबकि दिल्ली और हैदराबाद में इसका इस्तेमाल ज्यादा देखा गया।
डैशबोर्ड पर लाइव स्कोर भी देखा
कनेक्टेड फीचर्स अब नेविगेशन और सुरक्षा तक सीमित नहीं रहे। महिला क्रिकेट वर्ल्ड कप फाइनल के दौरान 31 हजार से अधिक राइडर्स ने अपने स्कूटर डैशबोर्ड पर लाइव स्कोर देखा। इसके अलावा, लाइव लोकेशन शेयरिंग जैसे फीचर्स बड़े शहरों में छोटे कस्बों की तुलना में दो से तीन गुना ज्यादा इस्तेमाल किए गए।
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