
गदरपुर। उत्तराखंड के गदरपुर में स्थित कम्बोज धर्मशाला में शहीद-ए-आजम ऊधम सिंह के शहादत दिवस के अवसर पर आयोजित समारोह में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शिरकत की। इस दौरान सीएम धामी ने शहीद ऊधम सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके अदम्य साहस तथा राष्ट्रभक्ति को नमन किया। कार्यक्रम स्थल पर आयोजित अखण्ड पाठ में भी मुख्यमंत्री ने प्रतिभाग किया और गुरुद्वारे में मत्था टेककर प्रदेश की सुख-समृद्धि तथा खुशहाली की कामना की।
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जलियांवाला बाग हत्याकांड- काला अध्याय
समारोह को संबोधित करते हुए धामी ने गुरु साहिब और शहीद ऊधम सिंह नमन किया और कहा यह पावन समागम वीरता और पवित्रता के अद्भुत संगम का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि, जब भी देशवासी अमर शहीद ऊधम सिंह के त्याग, साहस और राष्ट्रभक्ति की गाथा का स्मरण करते हैं, तो हर भारतीय का सीना गर्व से चौड़ा हो उठता है।

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जलियांवाला बाग हत्याकांड भारतीय इतिहास का एक अत्यंत दुखद और काला अध्याय रहा है, जिसकी पीड़ा आज भी देश के मन-मस्तिष्क में गहराई से अंकित है। उन्होंने कहा कि शहीद ऊधम सिंह ने इस अन्याय का प्रतिकार कर पूरी दुनिया के सामने भारत के स्वाभिमान, साहस और अदम्य संकल्प का सशक्त परिचय दिया था।
साहस और बलिदान की मिसाल हैं ऊधम सिंह : धामी
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि, अमर शहीद ऊधम सिंह का संपूर्ण जीवन आज भी हर भारतीय को साहस, स्वाभिमान, राष्ट्रभक्ति और बलिदान की प्रेरणा देता है। उनका बलिदान केवल इतिहास की एक घटना मात्र नहीं, बल्कि हर भारतीय के हृदय में देशभक्ति की अखंड ज्योति प्रज्ज्वलित करने वाला प्रसंग है। मुख्यमंत्री ने कहा कि, उनका त्याग हर पीढ़ी को राष्ट्र के प्रति समर्पण और अपने कर्तव्यों के प्रति सजग रहने का संदेश देता रहेगा।
मुख्यमंत्री ने अपने वक्तव्य में ये भी कहा कि, राष्ट्रभक्ति, सेवा, त्याग और मानवता की यह गहरी प्रेरणा हमें श्री गुरु ग्रंथ साहिब की पावन वाणी से प्राप्त होती है। उन्होंने कहा कि, गुरु साहिब की शिक्षाएं मानवता, करुणा, सत्य, भाईचारे और निस्वार्थ सेवा का मार्ग प्रशस्त करती हैं और ये शिक्षाएं केवल किसी एक समुदाय तक सीमित न रहकर संपूर्ण राष्ट्र को दिशा देने वाली हैं।
धामी ने कहा कि, आज के दौर में जब समाज में सौहार्द और एकता की आवश्यकता पहले से कहीं अधिक महसूस की जा रही है। ऐसे में गुरु साहिब की शिक्षाएं एक मार्गदर्शक की भूमिका निभाती हैं।
देवभूमि के विकास में सिख समाज का योगदान
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीएम धामी ने कहा कि, देवभूमि उत्तराखंड के सर्वांगीण विकास में सिख समाज का बड़ा योगदान रहा है। उन्होंने कहा कि, प्रदेश के निर्माण, समाज सेवा तथा विभिन्न सामाजिक गतिविधियों में सिख समुदाय ने हमेशा अग्रणी भूमिका निभाई है, जिसके लिए संपूर्ण प्रदेशवासी सिख समाज के आभारी हैं।
मुख्यमंत्री ने उपस्थित जनसमूह और प्रदेशवासियों से भावुक आह्वान करते हुए कहा कि सभी को अमर शहीद ऊधम सिंह के आदर्शों को सदैव अपने हृदय में जीवित रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि, यह हम सबका कर्तव्य है कि हम उनके दिखाए गए मार्ग पर चलें और राष्ट्र निर्माण के महान कार्य में अपना यथासंभव योगदान दें, ताकि आने वाली पीढ़ियां भी उनके बलिदान की गाथा से प्रेरणा लेती रहें।
भक्तिमय रहा माहौल
शहीद ऊधम सिंह के शहादत दिवस पर आयोजित इस भावपूर्ण कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के साथ प्रभारी मंत्री प्रदीप बत्रा भी विशेष रूप से मौजूद रहे। इसके अलावा स्थानीय विधायक अरविन्द पाण्डेय, शिव अरोरा तथा त्रिलोक सिंह चीमा ने भी कार्यक्रम में शिरकत की। भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष कमल जिंदल, मनोज पाल, मेयर विकास शर्मा, दीपक बाली एवं दर्जा राज्य मंत्री अनिल कपूर डब्बू सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिक और स्थानीय जनप्रतिनिधि भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
LIVE: ऊधम सिंह नगर में शहीद ऊधम सिंह जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं अखण्ड पाठ
https://t.co/ASDaq5v6Bt— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) July 31, 2026
कार्यक्रम स्थल पर सुरक्षा और व्यवस्था के पर्याप्त इंतजाम किए गए थे। बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों तथा सिख समुदाय के सदस्यों ने भी इस समागम में भाग लेकर शहीद ऊधम सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित की। अखण्ड पाठ के आयोजन के दौरान गुरुद्वारे में भक्तिमय माहौल बना रहा और सभी उपस्थित जनों ने श्रद्धापूर्वक कीर्तन एवं पाठ में भाग लिया।
सीएम ने मांगी जनता की खुशहाली की दुआ
उल्लेखनीय है कि, जलियांवाला बाग हत्याकांड भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास की एक अत्यंत त्रासद घटना है। इस घटना ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया था। इसी अन्याय के प्रतिकार में शहीद ऊधम सिंह ने अपना संपूर्ण जीवन समर्पित कर दिया और बलिदान देकर देश के स्वाभिमान की रक्षा की। उनकी शहादत आज भी करोड़ों भारतीयों के लिए प्रेरणास्रोत बनी हुई है।

मुख्यमंत्री धामी के इस कार्यक्रम में शामिल होने को लेकर स्थानीय जनता और सिख समुदाय में विशेष उत्साह देखा गया। कार्यक्रम के समापन पर धामी ने एक बार फिर से प्रदेश की खुशहाली, सुख-समृद्धि और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की कामना करते हुए सभी को शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर मौजूद लोगों ने भी मुख्यमंत्री के विचारों का पुरजोर समर्थन करते हुए शहीद ऊधम सिंह के आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।
समारोह के दौरान वक्ताओं ने इस बात पर भी बल दिया कि युवा पीढ़ी को शहीदों के बलिदान और उनके संघर्ष की गाथाओं से अवगत कराना समय की मांग है, ताकि देशभक्ति और राष्ट्र निर्माण की भावना नई पीढ़ी में भी सुदृढ़ रूप से स्थापित हो सके। कार्यक्रम पूरी तरह श्रद्धा, भक्ति और राष्ट्रभक्ति के भाव से ओतप्रोत रहा, जिसने उपस्थित सभी लोगों के मन में शहीद ऊधम सिंह के प्रति सम्मान और गर्व की भावना को और अधिक प्रगाढ़ किया।
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