शिक्षक-स्नातक सम्मेलन में गरजे योगी, बोले- ‘सपा सरकार होती तो रामलीलाओं की जगह दंगे और कर्फ्यू होते’

  • सपा राज में आजम खान के विश्वविद्यालय के लिए अलग पैमाना- सीएम

  • दूसरे विश्वविद्यालयों की मान्यता में अड़ंगे लगाने का मुख्यमंत्री ने लगाया आरोप

गाजियाबाद। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी पर शिक्षा व्यवस्था को चोट पहुंचाने और युवाओं के भविष्य से खेलने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सपा शिक्षा पर चाहे जितना उपदेश दे, उसकी नीयत नदी किनारे बैठे उस मगरमच्छ जैसी है, जो किसी को पीठ पर बैठाकर नदी पार कराने का वादा करता है। उन्होंने कहा कि सपा शिक्षा की नाव पार लगाने वाली नहीं, उसे डुबोने वाली पार्टी है। मुख्यमंत्री के मुताबिक सपा की चार सरकारों में शिक्षा, रोजगार और विकास संकट में रहे और उस दौर में दंगे, कर्फ्यू और अराजकता प्रदेश की पहचान बन गए थे।

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गाजियाबाद में शिक्षक सम्मेलन को किया संबोधित

मुख्यमंत्री शुक्रवार को गाजियाबाद में मेरठ-सहारनपुर शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के भाजपा प्रत्याशी श्रीचंद शर्मा और स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के प्रत्याशी दिनेश गोयल के समर्थन में हुए सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने शिक्षकों के लिए चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार, विश्वविद्यालयों की स्थापना और सरकारी भर्तियों की चर्चा की। साथ ही दोनों प्रत्याशियों को दोबारा विधान परिषद भेजने की अपील की।

रामलीलाओं को लेकर सपा पर निशाना

योगी ने कहा कि गाजियाबाद आते समय रास्ते में कई जगह बड़ी रामलीलाओं का आयोजन दिखा। उन्होंने कहा कि सपा की सरकार होती तो अब तक दंगे शुरू हो चुके होते और कर्फ्यू लगा होता। उनका आरोप था कि उस दौर में नवरात्रि पर दुर्गा पूजा के पंडाल और दूसरे धार्मिक आयोजन भी नहीं हो पाते थे।

CM Yogi

 

उन्होंने बताया कि आज गाजियाबाद से हरिद्वार के बीच साढ़े चार करोड़ श्रद्धालु कांवड़ लेकर निकलते हैं और बाबा औघड़नाथ, दुग्धेश्वरनाथ व पुरा महादेव समेत कई शिवालयों में जलाभिषेक करते हैं। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति को बिना भेदभाव अपनी आस्था जताने का मौका मिलना चाहिए।

युग निर्माता हैं शिक्षक- सीएम

मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षक चाहे बेसिक, माध्यमिक, उच्च, तकनीकी या चिकित्सा शिक्षा से जुड़ा हो, सभी को चिकित्सा सुविधा दी जाएगी। वित्तपोषित, प्रबंधकीय और स्ववित्तपोषित संस्थानों के शिक्षक भी इसके दायरे में होंगे। उन्होंने शिक्षक को युग निर्माता और राष्ट्र निर्माता बताते हुए कहा कि वह ऐसी पीढ़ियां गढ़ता है, जिनकी ऊर्जा प्रदेश की तरक्की में लगती है। उन्होंने कहा कि श्रीचंद शर्मा और दिनेश गोयल जब भी शिक्षकों और स्नातकों की समस्याएं लेकर आए, उनका समाधान कराया गया।

विश्वविद्यालयों की मान्यता में भेदभाव का आरोप

योगी ने आरोप लगाया कि, सपा शासन में शिक्षण संस्थानों के लिए एक समान मानक नहीं थे। आजम खान विश्वविद्यालय बनाएं तो उनके लिए अलग नियम चलते थे, जबकि ग्लोबल यूनिवर्सिटी को मान्यता नहीं दी जाती थी। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने सबके लिए एक जैसी व्यवस्था लागू की।

सहारनपुर में मां शाकंभरी, अलीगढ़ में राजा महेंद्र प्रताप सिंह, मुरादाबाद में गुरु जंभेश्वर, आजमगढ़ में महाराज सुहेलदेव, बलरामपुर में मां पाटेश्वरी और मीरजापुर में मां विंध्यवासिनी के नाम पर विश्वविद्यालय बनाए गए। मेरठ में मेजर ध्यानचंद खेल विश्वविद्यालय स्थापित हुआ। इसके अलावा लखनऊ में अटल बिहारी वाजपेयी चिकित्सा विश्वविद्यालय, गोरखपुर में आयुष विश्वविद्यालय और कुशीनगर में कृषि विश्वविद्यालय भी बनवाए गए।

साढ़े नौ लाख युवाओं को मिली नौकरी

मुख्यमंत्री ने कहा कि, सरकार अपराध और भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस की नीति पर चल रही है। युवाओं की नौकरी से खिलवाड़ करने वालों को जेल भेजने और उनकी संपत्ति जब्त करने का फैसला लिया गया है। उन्होंने दावा किया कि साढ़े नौ साल में साढ़े नौ लाख युवाओं को सरकारी नौकरी मिली है। यूपी पुलिस में 32,600 से ज्यादा अभ्यर्थियों के नतीजे जारी हो चुके हैं और 42 हजार से अधिक होमगार्ड भर्ती के परिणाम भी आ गए हैं। शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया अंतिम चरण में है।

उन्होंने बताया कि वर्ष 2017 में प्रदेश में 120 स्टार्टअप थे, जो अब बढ़कर 24 हजार से अधिक हो गए हैं। इससे युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर बने हैं।

पीडीए पर कसा तंज

योगी ने विधान परिषद चुनाव में सपा के उम्मीदवार चयन पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सपा के पीडीए का मतलब परिवार डेवलपमेंट अथॉरिटी है। उनके मुताबिक पहले पार्टी ने अपने चाचा को टिकट दिया और फिर मुंबई के एक धनकुबेर के पास टिकट गिरवी रख दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा टिकट बंटवारे में भी अपने घोषित सिद्धांतों पर नहीं चल रही। उन्होंने दावा किया कि विधान परिषद की 11 सीटों के चुनाव में भाजपा का प्रदर्शन पिछले राज्यसभा चुनाव से बेहतर रहेगा।

एक्सप्रेसवे और नमो भारत रैपिड रेल से बढ़ी कनेक्टिविटी

मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली-मेरठ के बीच 12 लेन एक्सप्रेसवे और नमो भारत रैपिड रेल से क्षेत्र में आना-जाना आसान हुआ है। गंगा एक्सप्रेसवे बनने से मेरठ और प्रयागराज के बीच सफर का समय घटेगा। उन्होंने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, मेट्रो विस्तार और वाराणसी रोपवे परियोजना की भी चर्चा की। साथ ही काशी विश्वनाथ धाम, विंध्यवासिनी धाम, अयोध्या के श्रीराम मंदिर, ब्रज क्षेत्र, शुकतीर्थ और मां शाकंभरी शक्तिपीठ के विकास को विरासत और विकास का उदाहरण बताया।

23 अक्टूबर को रहेगा अवकाश

योगी ने बताया कि शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में 23 अक्टूबर को सुबह आठ से शाम चार बजे तक मतदान होगा और मतदाताओं को अवकाश मिलेगा। उन्होंने अपील की कि मतदान केंद्र पर दी जाने वाली कलम से ही मतपत्र पर वरीयता दर्ज करें।

शिक्षक एमएलसी प्रत्याशी श्रीचंद शर्मा ने कहा कि प्राथमिक से उच्च शिक्षा तक के शिक्षकों और उनके परिवारों के लिए पांच लाख रुपये की कैशलेस चिकित्सा सुविधा की व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा कि वित्तविहीन शिक्षकों को राजकीय सम्मान दिलाने और शिक्षामित्रों, अनुदेशकों व व्यावसायिक शिक्षकों का मानदेय बढ़ाने का काम भी हुआ है।

ये रहे मौजूद

सम्मेलन में भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष नवाब सिंह नागर, कैबिनेट मंत्री सुनील शर्मा, स्वतंत्र प्रभार के राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल व नरेंद्र कश्यप, राज्यमंत्री बृजेश सिंह, जसवंत सैनी, दिनेश खटीक व केपी मलिक, भाजपा प्रदेश महामंत्री और राज्यसभा सदस्य रामप्रताप सिंह चौहान, सांसद डॉ. महेश शर्मा, भोला सिंह, अतुल गर्ग, राज्यसभा सदस्य लक्ष्मीकांत वाजपेयी और सुरेंद्र नागर समेत अन्य जनप्रतिनिधि व पदाधिकारी मौजूद रहे।

 

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