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वायुसेना की 94वीं वर्षगांठ पर नमो घाट पर भव्य आयोजन, प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी रहे मौजूद
वाराणसी। भारतीय वायुसेना की 94वीं वर्षगांठ के मौके पर वाराणसी के नमो घाट पर ‘विंग्स ओवर गंगा’ नाम से भव्य एयर शो हुआ। इसमें वायुसेना की ताकत, तकनीकी कौशल और पेशेवर दक्षता की झलक देखने को मिली। राफेल के ‘नीलकंठ’, सुखोई-30 एमकेआई के ‘विश्वनाथ’ और मिराज-2000 के ‘महादेव’ जैसे कॉल साइन और फॉर्मेशन ने इस आयोजन को काशी की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक पहचान से जोड़ दिया। लड़ाकू विमानों की गड़गड़ाहट, हेलीकॉप्टरों की तालमेल भरी उड़ान और आसमान में लहराते तिरंगे के रंगों ने दर्शकों को रोमांच से भर दिया।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में हुए इस आयोजन में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक के साथ वायुसेना के वरिष्ठ अधिकारी व अन्य गणमान्य लोग शामिल हुए।

वायुसेना हर साल 8 अक्टूबर को अपना स्थापना दिवस मनाती है और इस बार भी 94वां स्थापना दिवस इसी तारीख को मनाया गया। वाराणसी का यह एयर शो इन्हीं समारोहों की कड़ी का हिस्सा था।
काल्पनिक हवाई युद्ध का प्रदर्शन
एयर शो में काशी और भारतीय परंपरा से जुड़े नामों वाले कई विशेष फॉर्मेशन उड़ान भरते नजर आए। तीन सुखोई-30 एमकेआई ने ‘विश्वनाथ’ फॉर्मेशन बनाया, तो तीन राफेल विमानों ने ‘नीलकंठ’ फॉर्मेशन में उड़ान भरी। मिराज-2000 ने ‘महादेव’ कॉल साइन के साथ प्रदर्शन किया। ग्रुप कैप्टन मयंक के नेतृत्व में चार जगुआर विमानों ने ‘पशुपति’ फॉर्मेशन बनाया।
सुखोई-30 एमकेआई ने ‘विश्वनाथ’ कॉल साइन के साथ एरियल स्प्लिट दिखाया, जबकि तीन राफेल ने ‘नीलकंठ’ कॉल साइन के साथ यही करतब पेश किया। जगुआर (‘पशुपति’) और सुखोई-30 एमकेआई (‘विश्वनाथ’) ने मिलकर काल्पनिक हवाई युद्ध का प्रदर्शन किया। इन करतबों में विमानों की रफ्तार, नियंत्रण, फुर्ती और आपसी तालमेल साफ दिखा।
‘कैलाश’, ‘त्रिलोचन’ और ‘दशाश्वमेध’ का आकर्षण
विंग कमांडर अनिमेष लांबा की अगुवाई में सी-295 और डीओ-228 विमानों ने ‘भैरव’ फॉर्मेशन बनाया। सी-130 और एएन-32 ने विंग कमांडर रजनीश चंद्र उनियाल और विंग कमांडर विनय नायर के नेतृत्व में ‘कैलाश’ फॉर्मेशन पेश किया। एईडब्ल्यूएंडसी और मिग-29 ने ‘त्रिलोचन’, जबकि पी-8आई और मिराज-2000 ने ‘नटराज’ फॉर्मेशन में उड़ान भरी।

आईएल-78 और मिराज-2000 ने ग्रुप कैप्टन गौरव शुक्ला और विंग कमांडर राहुल बसोया के नेतृत्व में ‘महादेव’ फॉर्मेशन बनाया। ‘दशाश्वमेध’ फॉर्मेशन में सी-17 और हॉक एमके-132 ने आसमान में करतब दिखाए। वहीं ‘प्रचंड’ फॉर्मेशन में तेजस, सुखोई-30 एमकेआई, राफेल, जगुआर, मिग-29 और मिराज-2000 एक साथ उड़ते दिखे।
तेजस के ‘अस्सी’ कॉल साइन ने दिखाई स्वदेशी ताकत
स्वदेशी हल्के लड़ाकू विमान तेजस एमकेआई ने ‘अस्सी’ कॉल साइन के साथ हवाई कलाबाजियां दिखाईं। विमान को ग्रुप कैप्टन रूप ने उड़ाया। तेज मोड़ और नियंत्रित उड़ान के जरिए इसने अपनी चपलता साबित की। राफेल, सुखोई-30 एमकेआई, मिराज-2000, मिग-29 और जगुआर ने भी अपनी क्षमताओं का प्रदर्शन किया।
अलग-अलग फॉर्मेशन में उड़ते विमानों ने वायुसेना के पायलटों के प्रशिक्षण, तकनीकी दक्षता और आपसी समन्वय को सामने रखा। गंगा और नमो घाट के ऊपर से गुजरते विमानों ने दर्शकों की निगाहें थामे रखीं।
हेलीकॉप्टरों ने बनाए ‘ओंकार’, ‘गंगा’ और ‘भागीरथी’ फॉर्मेशन
ग्रुप कैप्टन अनुज गुप्ता के नेतृत्व में तीन एमआई-17 वी5 हेलीकॉप्टरों ने राष्ट्रीय ध्वज और वायुसेना ध्वज के साथ ‘ओंकार’ फॉर्मेशन बनाया। ग्रुप कैप्टन दीपांकर दास की अगुवाई में तीन चेतक हेलीकॉप्टरों ने ‘गंगा’ फॉर्मेशन पेश किया, इस दौरान मां गंगा पर पुष्पवर्षा भी की गई।
एलसीएच और अपाचे ने ग्रुप कैप्टन अनुभव महेंद्र और विंग कमांडर अतुल मिश्रा के नेतृत्व में ‘भागीरथी’ फॉर्मेशन बनाया। ग्रुप कैप्टन हर्ष पांडे की अगुवाई में एएलएच एमके-IV और चिनूक ने ‘अलकनंदा’ फॉर्मेशन दिखाया। नौसेना के कैप्टन द्विवेंदू शर्मा के नेतृत्व में ‘त्रिदेव’ फॉर्मेशन भी प्रस्तुत किया गया।
#LIVE: वाराणसी में माननीय प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी की उपस्थिति में माँ गंगा के घाट पर भारतीय वायुसेना की 94वीं वर्षगांठ पर भारतीय वायु सेना द्वारा लड़ाकू विमानों के एयर शो ‘Wings Over Ganges’ में सम्मिलित होते मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी। https://t.co/65K5wprDqm
— CM Office, GoUP (@CMOfficeUP) October 25, 2026
उड़ान के दौरान चिनूक हेलीकॉप्टर ने अपने रैंप से ‘94’ का अंक प्रदर्शित किया, जो वायुसेना की 94वीं वर्षगांठ को समर्पित था। हेलीकॉप्टरों के इन प्रदर्शनों में उनकी उड़ान क्षमता, भार ढोने की काबिलियत और तालमेल की झलक मिली।
सूर्यकिरण ने आसमान में बिखेरे तिरंगे के रंग
वायुसेना की सूर्यकिरण एयरोबैटिक टीम ने हॉक विमानों के साथ सटीक फॉर्मेशन, लूप, बैरल रोल और दूसरी कलाबाजियां दिखाईं। विमानों ने केसरिया, सफेद और हरे रंग का धुआं छोड़कर आसमान में तिरंगा उकेर दिया। सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम ने भी तालमेल भरी उड़ान और रोमांचक करतबों से दर्शकों को खूब लुभाया।
सुखोई और राफेल के करतब देख दंग रहे काशीवासी

एयर शो में राफेल, सुखोई-30 एमकेआई, तेजस, चिनूक, एमआई-17, प्रचंड और अपाचे समेत कई विमानों व हेलीकॉप्टरों ने हिस्सा लिया। सी-295, एएन-32, आईएल-76 और आईएल-78 जैसे विमानों ने भी अपनी क्षमता दिखाई। इन प्रदर्शनों में वायुसेना की तकनीकी दक्षता, प्रशिक्षण और संयुक्त हवाई संचालन की ताकत नजर आई।
प्रधानमंत्री ने देखा एयर शो, वायुसेना प्रमुख ने दिया स्मृति चिह्न

प्रधानमंत्री मोदी के नमो घाट पहुंचने के रास्ते में बड़ी संख्या में लोग जुटे थे। ढोल-नगाड़ों और जयकारों के बीच उन्होंने हाथ जोड़कर लोगों का अभिवादन स्वीकार किया। इसके बाद उन्होंने एयर शो देखा। वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह ने उन्हें स्मृति चिह्न भेंट किया।
ये रहे मौजूद
कार्यक्रम में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक, केंद्रीय राज्यमंत्री पंकज चौधरी और संजय सेठ, एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह, वाइस चीफ एयर मार्शल आशुतोष दीक्षित और एयर मार्शल तरुण चौधरी समेत वायुसेना व प्रशासन के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
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