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बैलेट पेपर से हो रहा चुनाव, न्याय के पक्ष में नतीजा देना जनता का काम: योगी
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लखनऊ खंड के स्नातक-शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के भाजपा सम्मेलन में बोले मुख्यमंत्री, सपा को बताया ‘शिक्षा की घोषित दुश्मन’
लखनऊ। शिक्षकों को पांच लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज, दुर्घटना पर 40 लाख से 1.5 करोड़ रुपये तक का बीमा कवर और अधिवक्ताओं को भी पांच लाख रुपये तक की स्वास्थ्य सुविधा। विधान परिषद के लखनऊ खंड स्नातक-शिक्षक चुनाव के लिए आयोजितभाजपा सम्मेलन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सरकार की ये उपलब्धियां गिनाईं। इसके साथ ही उन्होंने सपा को शिक्षा की घोषित दुश्मन बताते हुए मतदाताओं से कहा कि चुनाव बैलेट पेपर से हो रहा है, इसलिए न्याय के पक्ष में परिणाम देने का काम जनता का है। मुख्यमंत्री ने शिक्षक और स्नातक मतदाताओं से अपील की कि वे परिवारवाद और वंशवाद को नकारकर योग्य और सक्षम प्रतिनिधि चुनें।
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शिक्षक-स्नातक सम्मेलन में शामिल हुए सीएम
उत्तर प्रदेश विधान परिषद के आगामी लखनऊ खंड स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव को लेकर लखनऊ में ‘शिक्षक-स्नातक सम्मेलन’ आयोजित हुआ। मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। सम्मेलन लखनऊ स्नातक क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी इंजीनियर अवनीश कुमार सिंह और लखनऊ शिक्षक क्षेत्र के प्रत्याशी उमेश द्विवेदी के समर्थन में आयोजित किया गया था।
कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने पर क्षेत्रीय अध्यक्ष अवधेश द्विवेदी, प्रदेश महामंत्री दिलीप पटेल और दोनों प्रत्याशियों ने बुके भेंट कर मुख्यमंत्री का स्वागत किया। उन्हें अंगवस्त्र और पुष्पगुच्छ दिए गए और स्मृति चिह्न के रूप में भगवान श्रीराम की प्रतिमा भेंट की गई।
लखनऊ खंड के मतदाता महासम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने सपा की नीतियों पर सवाल उठाए और शिक्षकों, युवाओं तथा अधिवक्ताओं के हित में सरकार के कामों का ब्योरा दिया।
शिक्षा की घोषित दुश्मन है सपा
योगी ने कहा, “शिक्षा की व्यवस्था की उपेक्षा, शिक्षकों का अपमान, यहीं से समाजवादी पार्टी ने अपनी राजनीति की थी।” उन्होंने आरोप लगाया कि सपा शासन में शिक्षण संस्थानों में पेशेवर गुंडे हावी रहते थे और शिक्षकों के हितों की रक्षा के लिए कारगर कदम नहीं उठाए गए। उनके अनुसार शिक्षा और युवा पिछली सरकार की प्राथमिकता में नहीं थे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि, शिक्षा व्यवस्था कमजोर होने का असर सिर्फ शिक्षकों और विद्यार्थियों तक नहीं रुकता, बल्कि समाज, प्रदेश और देश का भविष्य भी इससे प्रभावित होता है। उन्होंने शिक्षकों के सम्मान, विद्यालयों की सुविधाओं और युवाओं के अवसर बेहतर करने की जरूरत पर बल दिया।
माफिया को बढ़ावा देती है सपा
सपा सरकार पर माफिया को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “समाजवादी पार्टी ने ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन माफिया’ दिया, हमने ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन प्रोडक्ट’ दिया, ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन मेडिकल कॉलेज’ दिया।”
उन्होंने कहा कि, पहले प्रदेश में माफिया जमीनों पर कब्जा कर लेते थे और आम लोगों, शिक्षकों तथा सरकारी संपत्तियों की जमीनों तक को निशाना बनाया जाता था। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि, भाजपा सरकार ने कानून-व्यवस्था सुधारने के साथ विकास को भी प्राथमिकता दी। उन्होंने मेडिकल कॉलेजों के विस्तार, बेहतर कनेक्टिविटी और निवेश से रोजगार के अवसर बढ़ने का भी जिक्र किया।
परिवारवाद-वंशवाद की विषबेल हटाइए
मुख्यमंत्री ने शिक्षक एवं स्नातक विधान परिषद चुनाव में भाजपा प्रत्याशियों इंजीनियर अवनीश कुमार सिंह और उमेश द्विवेदी के पक्ष में मतदान की अपील की। उन्होंने कहा कि, मतदाताओं को ऐसा प्रतिनिधि चुनना चाहिए जो उनकी समस्याओं को प्रभावी ढंग से उठा सके और जिम्मेदारी से काम करे।
उन्होंने कहा, आपका प्रतिनिधि वह बनेगा जिसमें जज्बा हो और जिसमें सामर्थ्य हो। परिवारवाद और वंशवाद पर निशाना साधते हुए उन्होंने मतदाताओं से ऐसी राजनीति को नकारने का आह्वान किया। दोनों प्रत्याशियों को उन्होंने शिक्षकों और स्नातकों की आवाज उठाने में सक्षम बताया।
न्याय के पक्ष में वोट की अपील
मुख्यमंत्री ने कहा कि, एमएलसी चुनाव ईवीएम से नहीं, बैलेट पेपर से हो रहा है और परिणाम न्याय के पक्ष में देने का काम आपको करना है। संवैधानिक संस्थाओं को कटघरे में खड़ा करने की प्रवृत्ति का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि यह चुनाव उसका भी जवाब होना चाहिए।
उन्होंने मतदाताओं से सतर्क रहकर मतदान करने और अति-आत्मविश्वास से बचने को कहा। उनके मुताबिक चुनाव में हर वोट अहम है और कार्यकर्ताओं को मतदाताओं तक पहुंचने के लिए लगातार प्रयास करते रहना चाहिए।
सुविधाओं का दिया ब्यौरा
मुख्यमंत्री ने शिक्षकों और उनके परिवारों के लिए स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा की सुविधाओं का ब्योरा दिया। उन्होंने बताया कि बेसिक, माध्यमिक, उच्च शिक्षा, विश्वविद्यालयों, इंजीनियरिंग कॉलेजों और स्ववित्तपोषित संस्थानों समेत विभिन्न श्रेणियों के शिक्षकों और उनके परिवारों को हर साल पांच लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराया गया है।
उन्होंने कहा कि सरकारी और सहायता प्राप्त संस्थानों के शिक्षकों, शिक्षामित्रों और अनुदेशकों के साथ किसी अनहोनी या दुर्घटना की स्थिति में परिवार को बीमा कवर के जरिए 40 लाख से 1.5 करोड़ रुपये तक की आर्थिक मदद की व्यवस्था है। रसोइयों के लिए भी दो लाख रुपये का सुरक्षा बीमा कवर देने का उन्होंने उल्लेख किया।
ऑपरेशन कायाकल्प से सुधरे स्कूल
योगी ने कहा कि, सरकार ने शिक्षा व्यवस्था मजबूत करने और विद्यालयों में बुनियादी सुविधाएं बेहतर बनाने के लिए काम किया है। बेसिक शिक्षा में ऑपरेशन कायाकल्प और निपुण भारत अभियान के तहत स्कूलों में बेहतर कक्षाएं, बालक-बालिकाओं के लिए अलग-अलग शौचालय, पेयजल, स्मार्ट क्लास, डिजिटल लाइब्रेरी और कंप्यूटर कक्ष जैसी सुविधाएं दी गई हैं।
मुख्यमंत्री के अनुसार, बेसिक शिक्षा में ड्रॉपआउट दर 20 प्रतिशत से घटकर तीन प्रतिशत रह गई है, जबकि सैचुरेशन का स्तर 36 प्रतिशत से बढ़कर 96 प्रतिशत हो गया है। माध्यमिक शिक्षा में प्रोजेक्ट अलंकार के तहत राजकीय इंटर कॉलेजों, राजकीय बालिका इंटर कॉलेजों, सहायता प्राप्त कॉलेजों और संस्कृत महाविद्यालयों के भवनों का निर्माण और सुदृढ़ीकरण हुआ है।
लखनऊ में आयोजित शिक्षक-स्नातक सम्मेलन में…
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— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) October 17, 2026
इन संस्थानों में प्रयोगशालाओं, पुस्तकालयों, स्मार्ट क्लास और अटल टिंकरिंग लैब जैसी सुविधाओं का भी विस्तार किया गया है। अटल आवासीय विद्यालयों, कस्तूरबा गांधी विद्यालयों और आश्रम पद्धति के विद्यालयों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार शिक्षा का बुनियादी ढांचा मजबूत करने और विद्यार्थियों को बेहतर माहौल देने की दिशा में काम कर रही है।
अधिवक्ताओं को पांच लाख रुपये तक स्वास्थ्य सुरक्षा
अधिवक्ताओं के लिए किए गए प्रावधानों की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि, अधिवक्ता की मृत्यु पर परिवार को मिलने वाली सहायता राशि बढ़ाकर पांच लाख रुपये कर दी गई है। पहले यह सहायता डेढ़ लाख रुपये थी और इसका लाभ 60 वर्ष से कम आयु के अधिवक्ताओं के मामलों में ही मिलता था। सरकार ने आयु सीमा बढ़ाकर 70 वर्ष कर दी है।
उन्होंने बताया कि अधिवक्ताओं को पांच लाख रुपये तक का कैशलेस स्वास्थ्य बीमा भी दिया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि, सरकार शिक्षकों और अधिवक्ताओं समेत विभिन्न वर्गों की सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कदम उठा रही है।
9.5 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि, बीते साढ़े नौ वर्षों में प्रदेश सरकार ने 9.5 लाख युवाओं को सरकारी नियुक्ति पत्र दिए हैं। चुनाव से पहले एक लाख और युवाओं को सरकारी नौकरी देने की तैयारी है। भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता का दावा करते हुए उन्होंने कहा कि, योग्यता के आधार पर अवसर देना सरकार की प्राथमिकता है।
उन्होंने निजी क्षेत्र में निवेश के जरिए 65 लाख युवाओं को रोजगार मिलने और प्रदेश में स्टार्टअप की संख्या 24 हजार से ज्यादा होने का भी जिक्र किया। मुख्यमंत्री के मुताबिक, सुरक्षा और निवेश के बेहतर माहौल से रोजगार के नए अवसर बने हैं।
क्षेत्रीय अध्यक्ष और प्रत्याशियों ने भी रखी बात
क्षेत्रीय अध्यक्ष अवधेश द्विवेदी ने स्नातक प्रत्याशी अवनीश सिंह और शिक्षक प्रत्याशी उमेश के पक्ष में वोट की अपील की। उन्होंने कार्यक्रम में मौजूद सभी लोगों का स्वागत और अभिनंदन भी किया।
स्नातक प्रत्याशी इंजीनियर अवनीश सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी ने सभी शिक्षकों, शिक्षामित्रों, अनुदेशकों और रसोइयों को कैशलेस चिकित्सा का लाभ दिया है। उन्होंने कहा कि प्रोजेक्ट अलंकार के जरिए माध्यमिक स्कूलों की शिक्षण व्यवस्था, शिक्षकों के कामकाज और ढांचे को मजबूत कर विद्यालयों की व्यवस्था सुधारी गई है। साथ ही आउटसोर्सिंग आयोग बनाकर युवाओं को सुरक्षा दी गई है।
शिक्षक प्रत्याशी उमेश द्विवेदी ने कहा कि, मुख्यमंत्री ने वर्ष 2000 से पहले के तदर्थ शिक्षकों को विनियमित करते हुए उन्हें वेतन देने का काम किया है। उनके अनुसार वर्ष 2000 के बाद के भी करीब 60 प्रतिशत शिक्षक वेतन के दायरे में आ चुके हैं और शेष 40 प्रतिशत के लिए फाइलें चल रही हैं। उन्होंने कहा, इस सरकार से पहले शिक्षक का सम्मान नहीं था। शिक्षक वह हो गया था जो नकल कराए, जो बच्चों की कॉपी लिखे। भाजपा ने शिक्षकों का गिरा हुआ सम्मान वापस लौटाया। उन्होंने अपने विरोधियों पर तंज कसते हुए कहा कि हमारे खिलाफ खड़े लोग शिक्षक नहीं, मुनीम हैं।
ये रहे मौजूद
सम्मेलन में वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना, मंत्री मनोज पांडे, दिनेश प्रताप सिंह, नितिन अग्रवाल, रजनी तिवारी, राकेश राठौर ‘गुरु’, सुरेश राही और सतीश चंद्र शर्मा मौजूद रहे। इनके अलावा भाजपा क्षेत्रीय अध्यक्ष अवधेश द्विवेदी, प्रदेश महामंत्री दिलीप पटेल और संजय राय, प्रदेश उपाध्यक्ष नीरज सिंह, प्रदेश महामंत्री उपेंद्र रावत, लखनऊ की महापौर सुषमा खर्कवाल, स्नातक प्रत्याशी इंजीनियर अवनीश कुमार सिंह और शिक्षक प्रत्याशी उमेश द्विवेदी समेत पार्टी पदाधिकारी, शिक्षक संगठनों के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में शिक्षक एवं स्नातक मतदाता शामिल हुए।
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