नई दिल्ली। 18 जनवरी 2026 को साल की पहली अमावस्या मनाई जाएगी, जिसे मौनी अमावस्या के नाम से जाना जाता है। यह पावन अवसर भगवान शिव को समर्पित होता है। इस दिन भक्त भक्ति भाव से शिव पूजा-अर्चना करते हैं और पितरों के लिए तर्पण व पिंडदान की परंपरा निभाई जाती है।
पितरों का तर्पण और मोक्ष:
हिन्दू मान्यता के अनुसार, मौनी अमावस्या के दिन पितरों का तर्पण करने से पूर्वजों को मोक्ष की प्राप्ति होती है और साधकों को उनके आशीर्वाद का लाभ मिलता है।
भगवान शिव का अभिषेक करें:
ज्योतिषशास्त्र के अनुसार, इस दिन अशुभ ग्रहों के प्रभाव को कम करने के लिए भगवान शिव और विष्णु जी की पूजा करना शुभ माना जाता है। पूजा के समय भगवान शिव का अभिषेक गंगाजल से करें। ऐसा करने से शिव जी शीघ्र प्रसन्न होते हैं और साधक पर उनकी कृपा बरसती है।
राशि अनुसार करें दान, पाएं अमोघ फल
मौनी अमावस्या के दिन पूजा के बाद राशि अनुसार दान करने से सारे बिगड़े काम बन जाते हैं। जानिए कौन-सी राशि को क्या दान करना चाहिए:
- मेष राशि: मसूर की दाल, लाल कपड़े
- वृषभ राशि: चावल, चीनी, सफेद वस्त्र
- मिथुन राशि: साबुत मूंग, मूंग दाल, हरी सब्जियाँ
- कर्क राशि: दूध, दही, सफेद वस्त्र
- सिंह राशि: गेहूं, लाल कपड़े
- कन्या राशि: हरी सब्जी, गौमाता को हरा चारा
- तुला राशि: चावल, नमक, आलू, घी
- वृश्चिक राशि: गेहूं, लाल कपड़े, मसूर दाल
- धनु राशि: बेसन, चने की दाल, मकई
- मकर राशि: काले तिल, काला कंबल, उड़द की दाल
- कुंभ राशि: चमड़े के जूते-चप्पल, दवा, धन
- मीन राशि: पीले कपड़े, चने की दाल, बेसन के लड्डू
इस दिन भक्ति भाव से पूजा और दान करने से जीवन में सुख-समृद्धि आती है और बिगड़े काम भी बन जाते हैं।
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