
- गर्मी, नमी और धूप से खराब हो सकती है दवा, सर्दियों में बरतें खास सावधानी
घर में दवाइयां रखना लगभग हर परिवार की जरूरत है, लेकिन सिर्फ दवा खरीदकर रख लेना काफी नहीं है। उसे किस जगह और किस तापमान पर रखा गया है, इसका सीधा असर उसकी गुणवत्ता, प्रभाव और शेल्फ लाइफ पर पड़ सकता है। खांसी के सिरप से लेकर रोजाना ली जाने वाली गोलियों तक, हर दवा की स्टोरेज जरूरत एक जैसी नहीं होती। कुछ दवाएं सामान्य कमरे के तापमान पर सुरक्षित रहती हैं, जबकि कुछ को ठंडे तापमान में रखना जरूरी होता है।
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मौसम बदलने पर, खासकर सर्दियों में तापमान के उतार-चढ़ाव के कारण ज्यादा सावधानी बरतनी चाहिए। बहुत अधिक गर्मी, ठंड, नमी या सीधी धूप दवा की गुणवत्ता को प्रभावित कर सकती है, इसलिए दवा के पैकेट पर लिखे स्टोरेज निर्देशों को कभी नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
घर में कहां रखें दवाइयां?
दवाइयों के लिए ऐसी जगह चुनें, जो ठंडी, सूखी और सीधी धूप से दूर हो। उन्हें बंद कैबिनेट या अलमारी में रखना बेहतर रहता है। साथ ही यह जगह बच्चों की पहुंच से दूर होनी चाहिए।

अक्सर लोग सुविधा के लिए दवाएं किचन या बाथरूम की अलमारी में रख देते हैं, लेकिन ये जगहें हर बार सही नहीं होतीं। किचन में खाना पकाने से गर्मी और भाप बढ़ती है, जबकि बाथरूम में नमी ज्यादा रहती है। दोनों ही स्थितियां कुछ दवाओं की गुणवत्ता बिगाड़ सकती हैं।
बेहतर विकल्प यह है कि घर में दवाओं के लिए अलग बॉक्स या ऑर्गनाइजर रखा जाए। इसे बेडरूम की किसी सूखी अलमारी में रखा जा सकता है, जिन घरों में छोटे बच्चे हैं, वहां ताला लगने वाला मेडिसिन कैबिनेट ज्यादा सुरक्षित माना जाता है।
कहीं भी न रखें दवा
ज्यादातर टैबलेट और कैप्सूल सामान्य कमरे के तापमान पर रखे जा सकते हैं। इसका मतलब यह नहीं कि उन्हें कहीं भी रख दिया जाए। इन्हें नमी, तेज रोशनी और अत्यधिक गर्मी से बचाना जरूरी है।
दवा की पैकेजिंग पर अक्सर स्टोरेज की जानकारी दी होती है, जैसे किसी खास तापमान से नीचे रखने की सलाह, इसलिए हर दवा पर एक ही नियम लागू करने के बजाय पैकेट पर लिखे निर्देश जरूर पढ़ें। नमी से प्रभावित होने वाली दवाओं को सूखी जगह पर रखें। कुछ पाउडर या घुलने वाली टैबलेट नमी के संपर्क में आने पर अपनी गुणवत्ता खो सकती हैं। अगर दवा के पैकेट में नमी से बचाने वाला कोई कंट्रोल पैकेट रखा गया है, तो उसे बाहर न निकालें।
किन दवाओं को रखना होता है फ्रिज में?
कुछ दवाओं को ठंडे तापमान में रखना जरूरी होता है। इनमें कुछ इंजेक्शन, कुछ आई ड्रॉप्स और कुछ जैविक दवाएं शामिल हो सकती हैं। हालांकि हर दवा को फ्रिज में रखना जरूरी नहीं है, इसलिए पहले पैकेट पर लिखा निर्देश देखना चाहिए।
अगर किसी दवा को फ्रिज में रखने को कहा गया है, तो उसे फ्रिज के मुख्य हिस्से में रखें। उसे फ्रीजर में रखने की गलती न करें, क्योंकि जमने वाला तापमान कुछ दवाओं को नुकसान पहुंचा सकता है। फ्रिज के दरवाजे में रखने से भी बचना चाहिए, क्योंकि वहां दरवाजा खुलने-बंद होने से तापमान बार-बार बदलता रहता है।
ऐसी दवाओं को खाने-पीने की चीजों से अलग और साफ जगह पर रखना बेहतर है। दवा पर साफ लेबल लगा होने से किसी दूसरी चीज के साथ गलती से मिल जाने का खतरा भी कम हो जाता है।
सर्दियों में बरतें खास सावधानी
सर्दियों में सिर्फ गर्मी ही नहीं, बहुत ज्यादा ठंड भी दवाओं को नुकसान पहुंचा सकती है। खासकर ठंडे इलाकों में दवाओं को खिड़की, बालकनी या ऐसी जगह रखने से बचें, जहां तापमान बहुत नीचे जा सकता है। दवाओं को जमने से बचाना जरूरी है।
सिरप या दूसरी तरल दवाओं का रंग या बनावट बदलती दिखे, तो उन्हें इस्तेमाल करने से पहले फार्मासिस्ट से सलाह लें।
अगर किसी दवा को ठंडे तापमान में रखना जरूरी है और यात्रा के दौरान फ्रिज उपलब्ध नहीं है, तो डॉक्टर या फार्मासिस्ट से उसके सुरक्षित स्टोरेज के बारे में पूछें। कुछ स्थितियों में इंसुलेटेड कोल्ड बॉक्स जैसे विकल्प इस्तेमाल किए जा सकते हैं।
दवाओं को कैसे रखें व्यवस्थित
घर में दवाओं के लिए एक अलग बॉक्स बनाएं। उसमें रोजाना काम आने वाली दवाएं, फर्स्ट-एड का सामान और बाकी दवाएं करीने से रखें। एक्सपायर हो चुकी दवाओं को इस्तेमाल हो रही दवाओं से अलग रखना जरूरी है, ताकि गलती से उनका सेवन न हो जाए।
मेडिसिन बॉक्स ऐसा चुनें जो आसानी से साफ हो सके, नमी से बचाए और जिसमें दवा के सभी पैकेट रखने की पर्याप्त जगह हो, जिन घरों में बच्चे हैं, वहां इसे उनकी पहुंच से दूर रखें।
ऐसे पहचाने दवा खराब है
अगर किसी दवा का रंग, गंध या बनावट बदली हुई लगे, तो उसे बिना सलाह के इस्तेमाल न करें। टैबलेट का टूटना या आपस में चिपकना, सिरप का धुंधला होना, उसमें कण दिखाई देना या पैकेजिंग का फूल जाना ऐसे संकेत हो सकते हैं, जिन्हें गंभीरता से लेना चाहिए।
दवा को लेकर जरा भी संदेह हो, तो इस्तेमाल से पहले फार्मासिस्ट से पूछ लें। इसके साथ ही हर बार दवा की एक्सपायरी डेट जरूर जांचें।
एक्सपायर दवाओं को फेंकने का तरीका
पुरानी या एक्सपायर हो चुकी दवाओं को खुले में फेंकना या नाली और टॉयलेट में बहा देना सही तरीका नहीं है। इससे पर्यावरण और पालतू जानवरों को नुकसान पहुंच सकता है।
अगर आपके इलाके में दवा वापस लेने की सुविधा उपलब्ध है, तो उसका उपयोग करें। नहीं तो दवा के सुरक्षित निपटान के लिए फार्मासिस्ट या स्थानीय दिशा-निर्देशों की मदद लें। दवा की पैकेजिंग पर छपी अपनी निजी जानकारी हटाना भी जरूरी है।
ये भी याद रखें
- दवाएं ठंडी, सूखी जगह पर और सीधी धूप से दूर रखें।
- किचन और बाथरूम में दवा रखने से बचें।
- हमेशा पैकेट पर लिखे स्टोरेज निर्देश पढ़ें।
- फ्रिज वाली दवा को मुख्य हिस्से में रखें, फ्रीजर या दरवाजे में नहीं।
- बच्चों की पहुंच से दूर और जरूरत हो तो ताले में रखें।
- रंग, गंध या बनावट बदलने पर फार्मासिस्ट से पूछें।
- एक्सपायर दवा को नाली या टॉयलेट में न बहाएं।
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