ममता के मंत्रियों ने जमकर उड़ाई आदर्श आचार संहिता की धज्जियां, बीजेपी ने उठाया बड़ा कदम

पश्चिम बंगाल के जारी चुनावी दंगल के बीच सूबे की सत्तारूढ़ ममता बनर्जी सरकार के मंत्री मुसीबत में फंसते नजर आ रहे हैं। दरअसल, बंगाल विधानसभा चुनाव की तारीख जारी होने के बाद से ही सूबे में आदर्श आचार संहिता भी लागू हो चुकी है। इसी बीच ममता सरकार के मंत्रियों पर इस आचार संहिता की धज्जियां उड़ाने का आरोप लगा है। आगामी चुनाव में मुख्य प्रतिद्वंदी बनकर उभरी बीजेपी ने इन मंत्रियों के खिलाफ आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन करने का आरोप लगाया है।

ममता सरकार के मंत्री का वीडियो वायरल

दरअसल, बीते दिन बंगाल के ममता सरकार के शहरी विकास मंत्री और कोलकाता के प्रशासक फिरहाद हकीम का एक वीडियो सामने आया है जिसमें वे मौलवियों को मुख्यमंत्री से भत्ता दिलवाने का ऑफर दे रहे हैं। इसे लेकर बीजेपी ने चुनाव आयोग के पास शिकायत दर्ज कराई है। बीजेपी ने उन्हें अयोग्य घोषित करने की मांग की है। हालांकि हकीम ने इस मामले में सफाई देते हुए कहा है कि वह सिर्फ दुआ मांगने मस्जिद में गए थे। वीडियो के बारे में उन्होंने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।

इसी तरह आसनसोल में ममता सरकार के श्रम मंत्री मलय घटक पर भी आदर्श आचार संहिता उल्लंघन के आरोप लगे हैं। चुनाव तारीखों की घोषणा के बाद भी उन्होंने नगर निगम परिसर के हॉल में अपनी पार्टी के अल्पसंख्यक सेल की बैठक की है। इसे लेकर बीजेपी ने जिलाधिकारी को चिट्ठी लिखी है। जिसके बाद पश्चिम बर्दवान के जिलाधिकारी ने नगर निगम के आयुक्त को फोन किया जिन्होंने बताया है कि नगर निगम के हॉल को बहुत पहले ही मलय घटक ने किराए पर लिया था।

यह भी पढ़ें: नोएडा फिल्म सिटी को अन्तरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार किया जाए विकसित : योगी

हालांकि नियमानुसार अधिसूचना जारी हो जाने के बाद यह कार्यक्रम रद्द हो जाना चाहिए था लेकिन मंत्री ने नहीं किया है। इस संबंध में पश्चिम बर्दवान के जिलाधिकारी और जिले के मुख्य चुनाव अधिकारी पूर्णेंदु मांझी से जब पूछा गया तो उन्होंने कहा कि नगर निगम के हॉल को बहुत पहले से किराए पर लिया गया था। इस लेकर भाजपा जिला अधिकारी पर भी मिलीभगत का आरोप लगा रही है। चेतावनी दी गई है कि इसके खिलाफ कोलकाता में चुनाव आयोग के पास शिकायत दर्ज कराई जाएगी।

Related Articles

Back to top button