फारूक अब्दुल्ला को सता रही पड़ोसी मुल्क की चिंता- अस्थिर पाकिस्तान हमारे लिए खतरनाक है, हमें एक स्थिर पाकिस्तान चाहिए

पाकिस्तान में भ्रष्टाचार के एक मामले में कल मंगलवार को पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की हुई गिरफ्तारी के बाद भारी विरोध प्रदर्शन और आ रही हिंसा की खबरों के बीच जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रमुख फारूक अब्दुल्ला ने आज बुधवार को बड़ा बयान दिया है. अस्थिर पाकिस्तान हमारे लिए खतरनाक है. हमें एक स्थिर पाकिस्तान चाहिए जो उपमहाद्वीप में शांति के लिए जरूरी है. पूर्व पीएम इमरान खान को कल मंगलवार को अर्धसैनिक बलों ने उस समय गिरफ्तार कर लिया था, जब वह भ्रष्टाचार के एक मामले में सुनवाई के लिए इस्लामाबाद हाई कोर्ट में मौजूद थे.

नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रमुख फारूक अब्दुल्ला ने पाकिस्तान में मौजूदा हालत पर कहा, अस्थिर पाकिस्तान हमारे लिए खतरनाक है. हमें एक स्थिर पाकिस्तान चाहिए जो उपमहाद्वीप में शांति के लिए जरूरी है… हम उस देश के अच्छे होने की कामना करते हैं.’ यह हमारा पड़ोसी है और हमें उम्मीद है कि कुछ बेहतर आएगा और लोगों का शांतिपूर्ण जीवन होगा.

बता दें कि पाकिस्तान में पूर्व पीएम इमरान खान की गिरफ्तारी के बाद उनकी पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी (पीटीआई) के समर्थकों ने पूरे देश में हंगामा मचा दिया है. पीटीआई के समर्थक पूरे पाक में भारी विरोध -प्रदर्शन करने में लगे हैं.

इस बीच पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी ने आज बुधवार को घोषणा की कि वह इस्लामाबाद हाई कोर्ट के उस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देगी, जिसमें पार्टी प्रमुख और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की गिरफ्तारी को वैध करार दिया गया है. इमरान की गिरफ्तारी के बाद पीटीआई उपाध्यक्ष शाह महमूद कुरैशी ने स्थिति का जायजा लेने और पार्टी प्रमुख की जल्द से जल्द सुरक्षित रिहाई सुनिश्चित करने की व्यापक रणनीति तैयार करने के लिए सात सदस्यीय समिति की आपात बैठक बुलाई.

कुरैशी ने समिति के सदस्यों के साथ विचार-विमर्श किया, जिनमें सीनेटर सैफुल्ला खान न्याजी, आजम स्वाति, एजाज चौधरी, मुराद सईद, अली अमीन खान गंडापुर और हसन नियाजी शामिल हैं.कुरैशी के हवाले से कहा गया है, पीटीआई राष्ट्रीय जवाबदेही ब्यूरो (एनएबी) द्वारा पार्टी प्रमुख इमरान खान की गिरफ्तारी को वैध करार देने के इस्लामाबाद हाई कोर्ट के फैसले को आज शीर्ष अदालत में चुनौती देगी.

यह भी पढ़ें: शाइस्ता परवीन के समर्थन में आए अखिलेश यादव, सीएम योगी के माफिया वाले बयान पर जताई आपत्ति  

अल-कादिर ट्रस्ट से जुड़े मामले को गंदा राजनीतिक मामला और बदले की साजिश करार देते हुए पीटीआई उपाध्यक्ष ने कहा, हम इसके खिलाफ राजनीतिक और कानूनी दोनों स्तर पर लड़ेंगे. उन्होंने कहा, पीटीआई इमरान की जल्द से जल्द रिहाई सुनिश्चित करने के लिए देशभर में बड़े पैमाने पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करेगी. कुरैशी ने आरोप लगाया कि इमरान ने अदालत में अपनी पेशी से पहले दिए बयान में स्वैच्छिक गिरफ्तारी की पेशकश की थी, बावजूद इसके उन्हें पकड़ने के लिए इस्लामाबाद उच्च न्यायालय में छापा मारा गया.

पीटीआई उपाध्यक्ष ने कहा, इमरान खान की गिरफ्तारी फासीवाद है और बायोमेट्रिक के दौरान इस्लामाबाद हाई कोर्ट पर धावा बोलना और वकीलों को घायल करना निंदनीय है. उन्होंने इस्लामाबाद हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश से अदालत में इमरान की त्वरित पेशी के लिए आदेश जारी करने का अनुरोध किया.

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया सरकारी मंथन के Facebook पेज को LikeTwitter पर Follow करना न भूलें...

Related Articles

Back to top button