रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के साथ कैंसर से लड़ने में भी सहायक है बेर

पौष्टिकता से भरपूर बेर रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के साथ ही हड्डियों को मजबूत बनाने, रक्त प्रवाह को ठीक करने और कैंसर से भी लड़ने में सहायक है। इसका अचार या मुरब्बा बनाकर भी सेवन किया जा सकता है।

इस संबंध में बीएचयू के पंचकर्म विभाग के विभागाध्यक्ष डॉक्टर जेपी सिंह का कहना है कि बेर में कार्बोहाइड्रेट 20.23 ग्राम, वसा .20 ग्राम, प्रोटीन 1.20 ग्राम, फाइबर 3.46 ग्राम, विटामिन सी 69 मिलीग्राम, नियासिन .90 मिग्रा, राइबोफ्लेविन .040 मिग्रा, थ्रियामिन .020 मिग्रा, विटामिन ए 40 आईयू, विटामिन बी-6 .081 मिग्रा, सोडियम तीन मिग्रा, पोटेशियम 250 मिग्रा, कैल्शियम 21 मिग्रा, मैग्निशियम 10 मिग्रा, फास्फोरस 23 मिग्रा के साथ ही अन्य अनेक पोषक तत्व भी पाये जाते हैं। उन्होंने हिन्दुस्थान समाचार से विशेष वार्ता में कहा कि प्रतिदिन सही मात्रा में बेर का सेवन करने से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है। इससे अनेक रोगों से निदान मिलता है।

उन्होंने बताया कि इसमें कैल्शियम और फास्फोरस की मात्रा अच्छी होती है। इस कारण हड्डियों के निर्माण और उनको स्वस्थ बनाने में सहायक है। इसमें फाइबर मौजूद होने के कारण यह वजन को नियंत्रित करने में भी सहायक होता है। इसको खाने से भूख का एहसास कम होता है।

डॉ. जेपी सिंह ने बताया कि बेर के अर्क में कई ऐसे गुण मौजूद होते हैं, जो शरीर में रक्त संचार को बढ़ावा देने का काम कर सकते हैं। साथ ही इसमें पाया जाने वाला नाइट्रिक ऑक्साइड रक्त प्रवाह और रक्तचाप को नियंत्रित करने का काम कर सकता है। उन्होंने हिन्दुस्थान समाचार से कहा कि अमीनो एसिड, बायो एक्टिव पदार्थ और एंटीऑक्सीडेंट प्रभाव, मानव कैंसर कोशिकाओं के खिलाफ आवश्यक माने गए हैं। बेर में इनका मौजूद होना बताता है कि इसका सेवन कैंसर की रोकथाम के लिए प्रभावी हो सकता है।

उन्होंने कहा कि बेर की चाय का उपयोग अनिद्रा दूर करने के लिए किया जा सकता है। यह मन को शांत करता है और मानसिक तनाव से राहत देता है। इसमें सैपोनिन्स नामक तत्व पाया जाता है, जो अनिद्रा को दूर कर सकता है। इसके अलावा यह हृदय को स्वस्थ रखने में भी सहायक है।

यह भी पढ़ें: हाईकोर्ट परिसर में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी, पुलिसकर्मियों ने भी की अभद्रता

डॉ. सिंह के अनुसार फाइबर से भरपूर बेर ऊर्जा का एक बड़ा स्रोत है, जो चयापचय को बूस्ट करता है। साथ ही फाइबर पाचन तंत्र को मजबूत करने में भी मदद करता है। इसके अलावा इसमें ऑक्सिडेटिव स्ट्रेस के खिलाफ लड़ने के लिए न्यूरो प्रोटेक्शन गुण पाए जाते हैं, जो दिमाग को शांत रखने में कारगर होता है।