
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में मौसम ने अचानक ऐसा करवट बदला है कि जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। प्रदेश के कई हिस्सों में कुदरत का त्रिकोणीय वार देखने को मिल रहा है।कहीं भारी बारिश और आंधी, कहीं ओलावृष्टि, तो कहीं घने कोहरे ने रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया है। राजधानी लखनऊ और औद्योगिक नगरी कानपुर समेत प्रदेश के 30 से अधिक जिले इस समय मौसम की मार झेल रहे हैं।

मंगलवार सुबह राजधानी लखनऊ और कानपुर में नजारा बिल्कुल अलग था। अचानक काले बादलों ने आसमान को घेर लिया और देखते ही देखते दिन में रात जैसा अंधेरा छा गया। इसके बाद शुरू हुई तेज आंधी और झमाझम बारिश ने शहर की रफ्तार को रोक दिया। आंधी की रफ्तार इतनी भयावह थी कि कई मुख्य चौराहों पर लगे विशालकाय होर्डिंग्स और कच्चे मकानों के टिन शेड उड़ गए।

बारिश ने नगर निगम के दावों की भी पोल खोल दी है। लखनऊ के निचले इलाकों और कानपुर की सड़कों पर भारी जलभराव देखा गया, जिससे सड़कें तालाब में तब्दील हो गईं। लोग बारिश से बचने के लिए छाता और रेनकोट का सहारा लेते दिखे, जबकि अधिकांश लोग घरों में ही दुबके रहे।
विजिबिलिटी शून्य होने के कारण एक्सप्रेसवे पर भिड़ीं गाड़ियां
मौसम के इस बदले मिजाज के बीच सबसे बुरा प्रभाव यातायात पर पड़ा है। उन्नाव समेत 5 जिलों में विजिबिलिटी (दृश्यता) शून्य होने के कारण भीषण सड़क हादसे हुए हैं। उन्नाव में एक के बाद एक 10 गाड़ियां आपस में टकरा गईं। वहीं, आगरा एक्सप्रेसवे पर कोहरे और बारिश के बीच एक कार और ट्रक की जोरदार भिड़ंत हो गई, जिसमें कई लोगों के गंभीर रूप से घायल होने की सूचना है। घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
20 जिलों में कोहरा और 10 जिलों में ओलावृष्टि
एक तरफ बारिश है, तो दूसरी तरफ अलीगढ़, मैनपुरी और बुलंदशहर समेत पश्चिमी यूपी के 20 जिलों में घने कोहरे का प्रकोप जारी है। सड़कों पर ओलों की वजह से ‘सफेद चादर’ बिछ गई है, जिससे ड्राइविंग करना जानलेवा साबित हो रहा है।
किसानों के लिए यह मौसम किसी बड़ी त्रासदी से कम नहीं है। औरैया और जालौन समेत 10 जिलों में भारी ओलावृष्टि हुई है। खेतों में खड़ी तैयार फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं, जिससे अन्नदाता दाने-दाने को मोहताज होने की कगार पर है।
प्रशासन ने आम जनता से अपील की है
बेवजह घर से बाहर निकलने से बचें। वाहन चलाते समय फॉग लाइट का प्रयोग करें और गति धीमी रखें। किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन को सूचित करें।”
अगले 24 घंटों के लिए मौसम विभाग ने अभी और चेतावनी जारी की है। लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है क्योंकि कई इलाकों में बिजली गिरने (वज्रपात) की भी संभावना जताई गई है।



