भीषण गर्मी की वजह से बदला स्कूलों का समय, अब 12:30 बजे होगी छुट्टी, 26 जिलों में हीटवेव का रेड अलर्ट

लखनऊ। इस समय  उत्तर प्रदेश में आसमान से आग बरस रही है।  भीषण गर्मी और हीटवेव को देखते हुए योगी सरकार ने स्कूली बच्चों को बड़ी राहत दी है। प्रदेश के बेसिक शिक्षा विभाग ने परिषदीय विद्यालयों के समय में तत्काल प्रभाव से बदलाव कर दिया है।  अब बच्चे चिलचिलाती धूप में दोपहर दो बजे तक स्कूल में रहने को मजबूर नहीं होंगे।

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44 के पार हुआ पारा

नए आदेश के मुताबिक, प्रदेश भर के सभी स्कूल अब सुबह 7:30 बजे खुलेंगे और दोपहर 12:30 बजे बंद होंगे। हालांकि, शिक्षकों और कर्मचारियों को प्रशासनिक कार्यों के लिए दोपहर 1:30 बजे तक विद्यालय में रुकना होगा। ये आदेश आज मंगलवार से ही प्रदेश के अधिकांश जिलों में लागू कर दिया गया है।

Heat wave Alert

उत्तर प्रदेश में गर्मी का प्रकोप इस कदर बढ़ गया है कि, प्रयागराज और वाराणसी जैसे शहरों में पारा 44 डिग्री सेल्सियस को पार कर चुका है। इसी तपिश और बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए बेसिक शिक्षा निदेशक प्रताप सिंह बघेल ने विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। विद्यालय खुलते ही सुबह 7:30 से 7:40 बजे तक प्रार्थना सभा और योगाभ्यास संपन्न किया जाएगा। इसके बाद शैक्षणिक कार्य शुरू होगा।

बच्चों को दोपहर 10:00 से 10:15 बजे तक मध्यावकाश दिया जाएगा। मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों के लिए भी विभाग ने स्पष्ट किया है कि उनकी प्रबंध समितियां गर्मी की स्थिति को देखते हुए समय परिवर्तन पर आवश्यक निर्णय लेने के लिए स्वतंत्र होंगी।

स्थायी समय निर्धारित करने की मांग

शिक्षक संगठन लंबे समय से विद्यालयों की समय-सारणी में बदलाव की मांग कर रहे थे। राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के पदाधिकारियों ने प्रमुख सचिव बेसिक शिक्षा और महानिदेशक स्कूल शिक्षा को पत्र भेजकर आरटीई-2009 के नियमों का हवाला दिया है। प्रदेश अध्यक्ष शिवशंकर सिंह का कहना है कि, भीषण गर्मी में बच्चों को चार घंटे से अधिक स्कूल में रखना उनके मानसिक और शारीरिक विकास के लिए प्रतिकूल है।

संगठन ने मांग की है कि, गर्मी में सुबह 7:30 से दोपहर 12:00 बजे तक और सर्दियों में पांच घंटे का समय स्थायी रूप से निर्धारित कर दिया जाए, ताकि मौसम बदलने पर बार-बार आदेश जारी करने की नौबत न आए।

रात में भी बढ़ी तपिश

मौसम विभाग की चेतावनी ने सरकार और अभिभावकों की चिंता को और बढ़ा दिया है। आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के अनुसार, शुष्क पछुआ हवाओं के चलते अगले एक हफ्ते तक प्रचंड गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद नहीं है। मंगलवार के लिए प्रदेश के बुंदेलखंड समेत 26 जिलों में भीषण लू की चेतावनी जारी की गई है। इतना ही नहीं, पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों जैसे सहारनपुर, शामली और मुजफ्फरनगर में ‘उष्ण रात्रि’ (Warm Night) का अलर्ट है, जिसका अर्थ है कि लोगों को अब रात में भी तपिश से चैन नहीं मिलेगा।

Heat wave Alert

प्रयागराज 44.4 डिग्री के साथ प्रदेश का सबसे गर्म जिला बना हुआ है, जबकि हमीरपुर में रातें सबसे अधिक गर्म रिकॉर्ड की जा रही हैं। जिन 26 जिलों में ‘लू’ का प्रकोप सबसे अधिक रहने की संभावना है, उनमें बांदा, चित्रकूट, कौशांबी, प्रयागराज, फतेहपुर, सोनभद्र, वाराणसी, आगरा और झांसी जैसे प्रमुख शहर शामिल हैं।

दोपहर में छुट्टी जोखिम भरी

इन जिलों के बेसिक शिक्षा अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने और स्कूलों में पीने के पानी व प्राथमिक चिकित्सा की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। शिक्षा विभाग के इस कदम से अभिभावकों ने राहत की सांस ली है, क्योंकि दोपहर की झुलसा देने वाली धूप में बच्चों का घर लौटना किसी जोखिम से कम नहीं था।

 

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