
कोलकाता/लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के चुनावी समर में उतरते हुए तृणमूल कांग्रेस और ममता बनर्जी की सरकार पर तीखा हमला बोला। कोलकाता की ऐतिहासिक जोरासांको विधानसभा सीट पर भाजपा उम्मीदवार के पक्ष में प्रचार करने पहुंचे सीएम योगी ने बंगाली अस्मिता और हिंदुत्व के मुद्दों को एक साथ जोड़कर चुनावी माहौल गरमा दिया।
इसे भी पढ़ें- योगी सरकार का मास्टरस्ट्रोक, अब बिना फार्मर रजिस्ट्री के भी खरीदा जाएगा गेहूं
बंगाली की पहचान से न करें खिलवाड़
अपने चिर-परिचित अंदाज में माफियाओं और गुंडों को चेतावनी देते हुए योगी आदित्यनाथ ने कोलकाता के मेयर के उर्दू वाले बयान पर पलटवार किया और साफ कहा कि यह धरती मां कालीबाड़ी की है, काबा की नहीं। उन्होंने उत्तर प्रदेश के रामराज्य मॉडल की तुलना बंगाल की वर्तमान अराजकता से करते हुए जनता से बड़े बदलाव की अपील की।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने भाषण की शुरुआत कोलकाता के मेयर फिरहाद हकीम के उस बयान पर प्रहार करते हुए की, जिसमें उन्होंने बंगाल की आधी आबादी के उर्दू बोलने की बात कही थी। योगी ने दहाड़ते हुए कहा कि बंगाल की धरती वीर क्रांतिकारियों और साहित्यकारों की धरती है और यहां केवल बंगाली अस्मिता का सम्मान होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि कोई भी मां का लाल बंगाली पहचान के साथ खिलवाड़ नहीं कर सकता।
ममता सरकार को घेरा
टीएमसी पर हमला बोलते हुए उन्होंने कहा कि ये लोग बंगाल की पहचान को बदलने की कोशिश कर रहे हैं। योगी ने जोर देकर कहा कि बंगाल की सांस्कृतिक जड़ें मां कालीबाड़ी से जुड़ी हैं, इसे काबा से जोड़ने की कोशिश करने वालों को जनता चुनाव में करारा जवाब देगी। उन्होंने कहा कि बंगाल में केवल बंगाली भाषा और संस्कृति की प्रधानता रहेगी, किसी अन्य थोपी गई पहचान की नहीं।
गौ-हत्या और धार्मिक पाबंदियों के मुद्दे पर ममता सरकार को घेरते हुए योगी आदित्यनाथ ने एक नया और प्रभावशाली नारा दिया। उन्होंने कहा, गौ-माता को कटने नहीं देंगे और हिंदुओं को बंटने नहीं देंगे। योगी ने आरोप लगाया कि ममता दीदी के राज में बंगाल में धड़ल्ले से गौ-हत्या हो रही है और हिंदुओं को अपने त्योहार मनाने के लिए संघर्ष करना पड़ता है।
उन्होंने कहा कि यह कितनी विडंबना है कि जिस बंगाल ने देश को दुर्गा पूजा दी, वहां आज दुर्गा पूजा के समय कर्फ्यू लगता है और प्रतिमा विसर्जन के लिए कोर्ट के चक्कर लगाने पड़ते हैं। उन्होंने दावा किया कि ममता बनर्जी को भगवान राम के नाम से चिढ़ है, जबकि राम नाम ही भारत की वास्तविक आत्मा है। योगी ने चेतावनी दी कि तुष्टीकरण की यह राजनीति बंगाल को विनाश की ओर ले जा रही है।
अब यूपी में सब चंगा है
योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में 2017 से पहले के उत्तर प्रदेश और आज के रामराज्य वाले यूपी के बीच का अंतर भी समझाया। उन्होंने कहा कि आज बंगाल की जो स्थिति है, वही स्थिति कुछ साल पहले उत्तर प्रदेश की थी। वहां भी समाजवादी पार्टी के गुंडे व्यापारियों से गुंडा टैक्स वसूलते थे और राम भक्तों पर गोलियां चलाई जाती थीं, लेकिन आज का यूपी बदल चुका है।
उन्होंने अपनी सरकार की उपलब्धि गिनाते हुए कहा, नो कर्फ्यू, नो दंगा, यूपी में है सब चंगा आज उत्तर प्रदेश में कर्फ्यू की जगह उत्सवों ने ले ली है। वहां रामनवमी, कृष्ण जन्माष्टमी और कावड़ यात्रा पूरे हर्षोल्लास के साथ निकाली जाती है और किसी उपद्रवी की हिम्मत नहीं होती कि वह बाधा उत्पन्न करे। उन्होंने बंगाल की जनता से आह्वान किया कि अगर वे भी ऐसा ही शांतिपूर्ण और सुरक्षित वातावरण चाहते हैं, तो उन्हें ‘डबल इंजन’ की सरकार चुननी होगी।
बुलडोजर का किया जिक्र
अपराधियों और माफियाओं के खिलाफ अपने सख्त रुख को बंगाल की धरती पर दोहराते हुए योगी ने बुलडोजर का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यूपी में माफिया अब सर नहीं उठा सकते। अगर कोई माफिया गरीबों या व्यापारियों की संपत्ति कब्जाने की कोशिश करता है, तो यूपी का बुलडोजर उनकी हड्डी-पसली एक कर उसे हाईवे बनाने के काम में लगा देता है।
उन्होंने उदाहरण दिया कि कैसे यूपी में माफियाओं से छुड़ाई गई जमीन पर गरीबों के लिए आवास बनाए गए हैं। योगी ने कहा कि बंगाल के व्यापारियों और बहन-बेटियों को सुरक्षित करने का एकमात्र तरीका माफियाओं का अंत है, जो केवल भाजपा की सरकार ही कर सकती है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या, काशी और मथुरा-वृंदावन के विकास का हवाला देते हुए विरासत के प्रति सम्मान का भाव जगाया। उन्होंने कहा कि प्रयागराज कुंभ और भव्य राम मंदिर का निर्माण भारत की नई पहचान है। उन्होंने जोरासांको की जनता से भावुक अपील की कि वे बंगाली अस्मिता की रक्षा और बंगाल को सोनार बांग्ला बनाने के लिए भाजपा के पक्ष में मतदान करें। योगी के इस संबोधन ने बंगाल चुनाव के इस चरण में ध्रुवीकरण और विकास दोनों मुद्दों को केंद्र में ला दिया है।
इसे भी पढ़ें- आधी आबादी’ के हक की लड़ाई में शामिल होंगे सीएम योगी



