गोरखपुर में भाजपा नेता को चाकू से गोदा, खून से लथपथ मिला शव, पुलिस महकमे में मचा हड़कंप

गोरखपुर। एक तरफ तो सीएम योगी आदित्यनाथ जीरो टोलरेंस की नीति अपना रहे हैं और प्रदेश को अपराध मुक्त करने के लिए कड़े से कड़ा रुख अपनाएं हुए हैं। वहीं, दूसरी तरफ उन्हीं के गृह जनपद गोरखपुर में उन्हीं की पार्टी के एक नेता की बेरहमी से हत्या कर दी जाती है। इस घटना ने पूरे प्रदेश की कानून-व्यवस्था और सुरक्षा दावों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

इसे भी पढ़ें- गोरखपुर हिट एंड रन केस: मंत्री संजय निषाद ने आरोपी गोल्डेन साहनी से रिश्ते पर दी सफाई

 शरीर पर मिले गहरे जख्म

जानकारी के अनुसार, मंगलवार को तड़के जिले के बरगदवा क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी के सक्रिय और कद्दावर नेता राजकुमार चौहान को बड़े ही वीभत्स तरीके से मौत के घाट उतार दिया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस की प्रारंभिक तफ्तीश में जो पता चला है वहरूह कंपा देने वाला है। हमलावरों ने राजकुमार चौहान पर उस समय हमला बोला जब वे मॉर्निंग वॉक पर निकले थे। हमलावरों ने राजकुमार पर एक दो नहीं बल्कि 50 से 60  बार चाकू से हमला किया। उनके शरीर का कोई भी हिस्सा ऐसा नहीं बचा था, जहां गहरे जख्म न हों।  इस हमले में राजकुमार की घटनास्थल पर ही मौत हो गई।

घटना की जानकारी मिलते ही गोरखपुर पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भारी पुलिस बल और पीएसी के साथ मौके पर पहुंचे। मौके की नजाकत को देखते हुए फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वायड को भी तत्काल बुलाया गया ताकि किसी भी वैज्ञानिक साक्ष्य के साथ छेड़छाड़ न हो सके। फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने घटनास्थल का बड़ी बारीकी से निरीक्षण किया और वहां बिखरे खून के धब्बों, हमलावरों के पैरों के निशान और अन्य महत्वपूर्ण सबूतों को अपने कब्जे में लिया। पुलिस ने कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है ताकि चिकित्सकीय परीक्षण के माध्यम से मौत के सटीक समय और प्रहारों की गहराई का पता लगाया जा सके।

घात लगाकर बैठे थे हमलावर

पुलिस की प्रारंभिक जांच के अनुसार राजकुमार चौहान बरगदवा क्षेत्र के एक सुनसान रास्ते से गुजर रहे थे, जहाँ हमलावर पहले से ही घात लगाकर बैठे थे। ऐसा प्रतीत होता है कि हमलावरों ने राजकुमार की गतिविधियों की काफी समय से रेकी की थी और वे उनके आने-जाने के समय से भली-भांति परिचित थे। हमलावरों का मकसद केवल डराना या घायल करना नहीं था, बल्कि वे उनकी जान लेने के इरादे से आए थे। चाकू से किए गए प्रहारों की संख्या यह स्पष्ट करती है कि हमलावरों के भीतर राजकुमार के प्रति गहरी नफरत या रंजिश भरी थी। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि हमलावरों ने बहुत ही कम समय में इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया और राजकुमार को संभलने या शोर मचाने का मौका तक नहीं मिला।

राजकुमार चौहान भारतीय जनता पार्टी के एक समर्पित और प्रभावशाली सदस्य थे। उनकी  जनता के बीच गहरी पैठ मानी जाती थी। उनकी सक्रियता और लोकप्रियता ही कहीं उनकी मौत का कारण तो नहीं बनी, पुलिस अब इस राजनीतिक रंजिश वाले पहलू पर भी बहुत गहराई से जांच कर रही है। भाजपा के स्थानीय कार्यकर्ताओं और समर्थकों में इस घटना को लेकर भारी आक्रोश देखा जा रहा है। पार्टी के कई बड़े नेता राजकुमार के निवास पर पहुंच रहे हैं और परिवार को सांत्वना दे रहे हैं। पुलिस प्रशासन के लिए यह मामला एक बड़ी चुनौती बन गया है क्योंकि पीड़ित पक्ष और स्थानीय लोग जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग पर अड़े हुए हैं।

इलाके में तनाव

इस सनसनीखेज हत्याकांड के बाद बरगदवा और इसके आसपास के तमाम इलाकों में भारी तनाव व्याप्त है। स्थानीय निवासियों के मन में इस कदर खौफ बैठ गया है कि लोग अपने घरों से निकलने में कतरा रहे हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बना दिया गया है। पुलिस की कई गश्ती टीमें लगातार पेट्रोलिंग कर रही हैं और संदिग्ध दिखने वाले व्यक्तियों से पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों ने जनता से शांति बनाए रखने की अपील की है और आश्वासन दिया है कि कानून अपना काम कर रहा है और अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा।

पुलिस अधीक्षक ने इस मामले की गुत्थी सुलझाने के लिए अलग-अलग दिशाओं में काम करने वाली कई टीमों का गठन किया है। ये टीमें न केवल जमीन पर काम कर रही हैं बल्कि डिजिटल साक्ष्यों, मोबाइल टावर लोकेशन और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को भी खंगाल रही हैं। पुलिस का मानना है कि हमलावर स्थानीय हो सकते हैं या फिर उन्होंने स्थानीय लोगों की मदद से इस पूरी साजिश को अंजाम दिया है। हत्याकांड के पीछे की असली वजह क्या है और वे कौन लोग थे जिन्होंने इतनी बेरहमी दिखाई, यह तो जांच पूरी होने के बाद ही साफ हो पाएगा, लेकिन फिलहाल इस घटना ने पूरे उत्तर प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है।

 

इसे भी पढ़ें- गोरखपुर में होली मनाएंगे सीएम योगी, गोरक्षपीठाधीश्वर के रूप में शामिल होंगे शोभायात्राओं में

Related Articles

Back to top button