पाकिस्तान में फिर हुआ धमाका, व्यस्त बाजार में विस्फोटक से भरा ट्रक उड़ाया, 9 की मौत 23 से अधिक घायल

इस्लामाबाद। पाकिस्तान का उत्तर-पश्चिमी प्रांत खैबर पख्तूनख्वा एक बार फिर भीषण आतंकी हमले से दहल उठा है। मंगलवार, 12 मई को लक्की मारवत जिले के एक व्यस्त बाजार में हुए जोरदार बम धमाके ने पूरे इलाके को हिलाकर रख दिया। इस आत्मघाती हमले में कम से कम नौ लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 23 अन्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं।

मृतकों में दो ट्रैफिक पुलिस कर्मचारी भी शामिल बताए जा रहे हैं। अधिकारियों ने आशंका जताई है कि, घायलों की गंभीर स्थिति को देखते हुए मरने वालों का आंकड़ा अभी और बढ़ सकता है। यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब शहबाज शरीफ सरकार और सेना प्रमुख आसिम मुनीर पहले से ही आंतरिक सुरक्षा की गंभीर चुनौतियों का सामना कर रहे हैं।

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 इलाके में मची चीख पुकार

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, धमाका लक्की मारवत के एक भीड़भाड़ वाले बाजार में उस समय हुआ जब वहां लोगों की काफी चहल-पहल थी। आतंकियों ने विस्फोटकों से लदे एक लोडर रिक्शा का इस्तेमाल किया, जिसे व्यस्त समय के दौरान बाजार के बीचों-बीच उड़ा दिया गया। धमाका इतना जबरदस्त था कि, आसपास की दुकानों के परखच्चे उड़ गए और पूरे इलाके में धुआं और चीख-पुकार मच गई।

Blast in Pakistan's Lakki Marwat district

घटना के तुरंत बाद बचाव दल 1122 की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत कार्य शुरू किया। शवों और घायलों को तत्काल नौरंग अस्पताल पहुंचाया गया है, जहां आपातकाल घोषित कर दिया गया है। अस्पताल के सूत्रों का कहना है कि कई घायलों के शरीर के अंग गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हुए हैं, जिससे स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। धमाके की सूचना मिलते ही भारी पुलिस बल और बम निरोधक दस्ते (BDU) के जवान घटनास्थल पर पहुंच गए। सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी है और फॉरेंसिक सबूत जुटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

रक्तदान करने अस्पताल पहुंचे लोग

स्थानीय निवासियों ने भी मानवता की मिसाल पेश करते हुए बचाव कार्य में प्रशासन की मदद की और बड़ी संख्या में लोग घायलों के लिए रक्तदान करने अस्पताल पहुंचे। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि, विस्फोटकों से लदा रिक्शा सुरक्षा जांच को चकमा देकर बाजार के इतने अंदर तक कैसे पहुंच गया। इस हमले ने एक बार फिर पाकिस्तान की खुफिया एजेंसियों और सुरक्षा तंत्र की विफलताओं को उजागर कर दिया है।

Blast in Pakistan's Lakki Marwat district

खैबर पख्तूनख्वा में आतंकी घटनाओं का यह सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। इस ताजा धमाके से महज दो दिन पहले, शनिवार रात को बन्नू जिले में एक और बड़ा हमला हुआ था। बन्नू की फतेह खेल पुलिस चौकी को निशाना बनाकर किए गए कार बम विस्फोट में 15 पुलिसकर्मियों की जान चली गई थी। लगातार हो रहे इन हमलों ने पाकिस्तान प्रशासन की नींद उड़ा दी है। सुरक्षा विश्लेषकों का मानना है कि आतंकी संगठन अब सीधे तौर पर पुलिस और सुरक्षा बलों को चुनौती दे रहे हैं, ताकि राज्य में अस्थिरता का माहौल पैदा किया जा सके।

अफगानिस्तान को चेतावनी

बन्नू हमले के बाद पाकिस्तान ने कड़ा कूटनीतिक रुख अपनाते हुए अफगानिस्तान के चार्ज डी’अफेयर्स को तलब किया था। विदेश कार्यालय ने अफगान तालिबान शासन को एक कड़ा विरोध पत्र सौंपते हुए आरोप लगाया कि इन हमलों की साजिश अफगानिस्तान की धरती पर रची जा रही है।

Blast in Pakistan's Lakki Marwat district

पाकिस्तानी जांच एजेंसियों का दावा है कि, तकनीकी खुफिया जानकारी और जुटाए गए सबूतों से संकेत मिलते हैं कि फ़ितना-अल-ख्वारिज जैसे समूहों से जुड़े आतंकी अफगान सीमा का इस्तेमाल कर रहे हैं। पाकिस्तान ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि वह अपनी सुरक्षा के लिए अफगान धरती से संचालित होने वाले आतंकी ठिकानों के खिलाफ निर्णायक जवाबी कार्रवाई करने का अधिकार सुरक्षित रखता है।

मुश्किल में शाहबाज शरीफ सरकार

मौजूदा हालात ने पाकिस्तान की शहबाज शरीफ सरकार के लिए दोहरी मुसीबत खड़ी कर दी है। एक तरफ जहां देश आर्थिक बदहाली से जूझ रहा है, वहीं दूसरी तरफ खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान जैसे प्रांतों में आतंकवाद का पुनरुत्थान सरकार की स्थिरता पर सवालिया निशान लगा रहा है। सीमा पार से जारी तनाव और आंतरिक सुरक्षा में सेंध के बीच, लक्की मारवत का यह धमाका आने वाले दिनों में पाकिस्तान की राजनीति और सुरक्षा नीतियों में बड़े बदलाव का संकेत दे रहा है। फिलहाल पूरे प्रांत में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है और संदिग्धों की तलाश में बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान चलाया जा रहा है।

 

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