
नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने देश में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति को लेकर स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा है कि देशभर में ईंधन का स्टॉक पूरी तरह सामान्य है। सरकार के अनुसार, सभी रिफाइनरियां अपनी उच्च क्षमता पर कार्य कर रही हैं और कच्चे तेल का पर्याप्त भंडार मौजूद है। कुछ स्थानों पर अफवाहों के कारण घबराहट में की गई खरीदारी के बावजूद अब स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और सभी रिटेल पंप सुचारू रूप से संचालित हो रहे हैं।
सरकार ने घरेलू पीएनजी और सीएनजी की 100 प्रतिशत आपूर्ति सुनिश्चित की है, जबकि औद्योगिक उपभोक्ताओं को 80 प्रतिशत गैस सप्लाई दी जा रही है। बुनियादी ढांचे को मजबूती देने के लिए ‘नेचुरल गैस एंड पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स डिस्ट्रीब्यूशन ऑर्डर, 2026’ अधिसूचित किया गया है, जिसका लक्ष्य पाइपलाइन बिछाने की प्रक्रिया में आने वाली बाधाओं को दूर कर नेटवर्क विस्तार में तेजी लाना है। इसी क्रम में, एक ही दिन में रिकॉर्ड 9,046 नए पीएनजी कनेक्शन दिए गए हैं। दिल्ली में डीडीए ने 24 घंटे काम की अनुमति के साथ रोड रिपेयर चार्ज भी माफ कर दिया है।
प्रशासनिक स्तर पर तेजी लाने के लिए पीईएसओ को 10 दिनों के भीतर आवेदनों का निपटारा करने और पीएनजीआरबी को छात्रावास व सामुदायिक रसोई जैसे स्थानों पर 5 दिनों में कनेक्शन देने के निर्देश दिए गए हैं। कमर्शियल एलपीजी का कोटा भी 50 प्रतिशत तक बढ़ा दिया गया है, जिससे होटल, ढाबों और प्रवासियों को राहत मिलेगी। वहीं, कालाबाजारी पर नकेल कसते हुए आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत 2,700 छापेमारी कर 2,000 सिलेंडर जब्त किए गए हैं और 155 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
अन्य महत्वपूर्ण निर्णयों में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में ‘आईवीएफआरटी’ योजना को अगले 5 वर्षों के लिए विस्तार दिया गया है, जिस पर 1,800 करोड़ रुपए खर्च होंगे। साथ ही, हवाई कनेक्टिविटी को नई ऊंचाई देने के लिए ‘चैलेंज मोड’ के तहत 100 नए एयरपोर्ट और संशोधित उड़ान योजना के अंतर्गत 200 आधुनिक हेलिपैड विकसित करने की योजना को मंजूरी दी गई है।



